‘गच्छदार के ऊपर भ्रष्टाचार आरोपः प्रधानमन्त्री बनने से रोकने के लिए !?’
काठमांडू, १३ फरवरी । नेपाली कांग्रेस सम्बद्ध थारु नेता–कार्यकर्ता ने दावा किया है कि अख्तियार दुरुपयोग अनुसंधान आयोग की ओर से कांग्रेस नेता विजयकुमार गच्छदार के विरुद्ध दायर भ्रष्टाचार मुद्दा एक गम्भीर षडयन्त्र है । उन लोगों का कहना है कि गच्छदार को आगामी दिनों में प्रधानमन्त्री बनने से रोकने के लिए यह सब षडयन्त्र हो रहा है ।
नेपालगंज में सम्पन्न थारु भेला ने ठहर किया है कि राजनीतिक वृत्त में गच्छदार ने जो राष्ट्रीय छवी निर्माण किया है, उसके विरुद्ध सुनियोजित रुप में अख्तियार ने भ्रष्टाचार मुद्दा पंजीकृत किया है । भेला के बाद जारी विज्ञप्ति में कहा है– ‘गच्छदार के पास वह सब क्षमता और दूरदृष्टि है, जो प्रधानमन्त्री के पास आवश्यक है । जनता की जीवन परिवर्तन और रुपान्तरण के लिए आवश्यक योग्यता, क्षमता, त्याग, बलिदान, जनसमर्थन और दूरदृष्टिवाले एक मात्र थारुनेता होने के कारण उनके ऊपर सुनियोजित आक्रमण हुआ है ।’ विज्ञप्ति में आगे कहा है– ‘ताकि भविष्य में कोई भी थारु समुदाय से प्रधानमन्त्री ना बन पाए ।’
स्मरणीय है, अख्तियार दुरुपयोग अनुसंधान आयोग ने नेता गच्छदार विरुद्ध भ्रष्टाचार मुद्दा पंजीकृत करते हुए कहा है कि ललिता निवास जमीन प्रकरण में सरकारी जमीन व्यक्ति के नाम में नामसारी करने के लिए तत्कालीन मन्त्री गच्छदार का भी महत्वपूर्ण हाथ है । इधर गच्छदार पक्षधर कांग्रेस नेताओं का कहना है कि उक्त प्रकराण में उतना ही जिम्मेदार तत्कालीन प्रधानमन्त्री माधव कुमार नेपाल और डा. बाबुराम भट्टराई के विरुद्ध कोई भी मुद्दा पंजीकृत ना होना अख्तियार का षड्यनत्र है ।
उक्त भेला में नेपाली कांग्रेस सम्बद्ध थारु नेता रामजनम चौधरी, डिल्लीबहादुर चौधरी, योगेन्द्र चौधरी, राधेश्याम चौधरी, धनीराम चौधरी, पुरन चौधरी, गोपाल दहित जैसे नेताओं की सहभागिता थी ।

