Fri. May 1st, 2026
English मे देखने के लिए क्लिक करें

कमला नगरपालिका में “कोरेन्टाइन” है या फिर “मौत का कुआँ” ?

 

मनोज बनैता, सिरहा, ७ मई ।

कोभिड -१९ महामारी से परेशान इस दुनिया में हर देश और सरकार इसके नियन्त्रण के लिए भिन्न भिन्न पैंतरे अपना रहे हैं । नेपाल सरकार भी इसको लेके बहुत संबेदनशील दिखाई दे रही  है पर अगर बात करे कुछ स्थानीय सरकार यानी स्थानीय निकाय के काम करने के ढंग के बारे में तो बहुत हैरानी होगी । अभी की हालात यह है कि प्रदेश २ को रेडजोन के रुप में अङ्कित कर दिया गया है । इस आपदा को अगर स्थानीय निकाय गम्भीर से ना ले तो प्रदेश और केन्द्र सरकार के लिए बहुत बडी बिडम्बना होगी ।

यह भी पढें   स्कॉर्पियो दुर्घटना में दो लोगों की मृत्यु, तीन लोग घायल

धनुषा के कमला नगरपालिका द्वारा निर्माण कियागया कोरन्टिन मे रह रहे १७ स्थानीय लोगो की यह शिकायत है कि उनलोगो के साथ जानवर से भी बदतर सुलुक किया जारहा है । कोरन्टिन में रहे एक शख्स अक्षय पासवान ने कहा कि यह कोरन्टिन नहीं बल्कि मौत का कुँवा है । यहाँ १७ दिन से ना कोई मेडिकल जाँच के लिए आया है , ना सफाई हुई है और ना ही कोई जनप्रतिनिधि आकर उनलोगों के अवस्था का जायजा लिया है । पासमान ने आगे कहा ‘सबको बिना समाजिक दूरी कायम किए एक ही जगह ठूस के रखा गया है । नगरपालिका के मेयर राम उदगार गोईत से बारम्बार सम्पर्क करने पर भी अभी तक कोई कदम नहीं उठाया गया है । १७ लोगो के लिए सिर्फ एक शौचालय है और एक पम्प । सरसफाइ ना होने से कोरोना तो नही बल्की कोई और रोग से मरने की सम्भावना ज्यादा है ।’ उधर मेयर गोईत से बारम्बार प्रतिक्रिया लेने कि कोशिश होनेके बाबजुद भी सम्पर्क नही हो पाया है

About Author

आप हमें फ़ेसबुक, ट्विटर और यूट्यूब पर फ़ॉलो भी कर सकते हैं.

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *