प्रधानन्यायाधीश के नेतृत्व में चुनावी सरकार असम्भव : गच्छदार
मोरङ । कार्यरत प्रधानन्यायाधीश खीलराज रेग्मी को स्वतन्त्र उम्मेदवार के रुप में प्रधानमन्त्री बनाने का माओवादी प्रस्ताव के विरुद्ध सत्ताधारी दलों के नेता भी दिखाई पडे है । संयुक्त मधेशी मोर्चा के संयोजक तथा उपप्रधान एवं गृहमन्त्री विजयकुमार विजयकुमार गच्छदार ने माओवादी द्वारा लाया गया इस प्रस्ताव को अश्वीकार करते हुए कहा है– कोई भी हालत में प्रधानन्यायाधीश के नेतृत्व में चुनावी सरकार बन नहीं सकेगा ।
पूर्व क्षेत्रीय प्रहरी कार्यालय मोरङ में शुक्रबार आयोजित पत्रकार सम्मेलन में बोलते हुए गृहमन्त्री गच्छदार ने बताया की माओवादी द्वारा ला गया इस प्रस्ताव ने राजनीतिक समस्या समाधान नहीं हो सकेगा । मधेशी जनअधिकार फोरम (लोकतान्त्रिक) के अध्यक्ष भी रहे गच्छदार का कहना था– मुलुक जटिल मोड में हैं, ऐसी अवस्था में राजनीतिक दलों के बीच में ही सहमति होना चाहिए । उन्होंने यह भी बताया कि प्रधानन्यायाधीश को प्रधानमन्त्री बनाने के लिए संविधान और कानुन ही बाधक है । इस बारे में मधेशी मोर्चा में छलफल करन के बाद ही मधेशी मोर्चा का औपचारिक धारणा बाहर आने की बात उन्होंने बताया ।

