नेकपा नेता वामदेव गौतम के विरुद्ध सर्वोच्च में रिट, मन्त्री बनने से रोकने के लिए मांग

काठमांडू, २१ सितम्बर । सत्ताधारी दल नेपाल कम्युनिष्ट पार्टी के उपाध्यक्ष वामदेव गौतम के विरुद्ध सर्वोच्च अदालत में रिट निवेदन पंजीकृत की गई है । हाल ही में राष्ट्रीयसभा सदस्य में मनोनित गौतम को उक्त पद में मनोनित करने का जो निर्णय हुआ है, उसको बदर करने के लिए मांग करते हुए रिट पंजीकृत की गई है । वरिष्ठ अधिवक्ता दिनेश त्रिपाठी ने आइतबार इसतरह का रिट सर्वोच्च में पंजीकृत किया ।
रिट निवेदक त्रिपाठी ने अपने निवेदन में कहा है कि भाद्र २९ गते राष्ट्रपति कार्यालय ने नेता गौतम को राष्ट्रीयसभा सदस्य में मनोनित किया है, जो संविधान के विपरित है । अधिवक्ता त्रिपाठी को कहना है कि गौतम को मनोनयन से संवैधानिक प्रणाली में गम्भीर क्षति पहुँचने की संभावना है । रिट में यह भी कहा गया है कि जब तक इस मुद्दा को अंतिम फैसला नहीं की जाएगी, तब तक नेता गौतम को राष्ट्रीयसभा सदस्य के रुप में काम करने से रोकना होगा और मन्त्री बनने से भी रोकना होगा । इसके लिए अंतरिम आदेश जारी करने के लिए भी रिट निवेदन में कहा गया है ।
अधिवक्ता त्रिपाठी ने राष्ट्रपति कार्यालय, प्रधानमन्त्री तथा मन्त्रिपरिषद् कार्यालय, राष्ट्रीयसभा सचिवालय, नेपाल कम्युनिष्ट पार्टी और नेता गौमम को विपक्षी बनाया है ।

