जो रक्षक वही भक्षक नारों के साथ सडकों पर उतरे नागिरक समाज के प्रतिनिधि
प्रधान मंत्री केपी शर्मा ओली के कदम का विरोध करने के लिए नागरिक समाज के नेताओं ने सड़कों पर उतरकर प्रदर्शन किया। ओली द्वारा प्रतिनिधि सभा के विघटन को “असंवैधानिक” बताते हुए उन्होंने शनिवार को मैटीघर मंडल में विरोध प्रदर्शन किया।
प्रतिभागियों ने संसद के विघटन के खिलाफ ‘मास सिविल मूवमेंट अगेंस्ट रिग्रेशन ’के बैनर के साथ शंख बजाकर विरोध प्रदर्शन किया। अधिकार कार्यकर्ताओं ने कहा है कि वो नेपाल के संविधान पर हमले का विरोध कर रहे हैं।
अधिकार कार्यकर्ता युग पाठक ने कहा कि सरकार ने संसद को भंग करके देश को प्रतिगमन की ओर अग्रसर किया और संविधान पर भी हमला किया। ओली के इस कदम के खिलाफ विभिन्न नारों के साथ तख्तियां लेकर प्रदर्शन में भाग लेने वाले नागरिक अधिकार कार्यकर्ताओं ने कहा कि मौजूदा समस्या का हल संविधान के भीतर मिलना चाहिए।
बड़े पैमाने पर नागरिक आंदोलन ने आने वाले दिनों के लिए और अधिक आंदोलन कार्यक्रमों की घोषणा की है। नागरिक नेताओं ने कहा है कि उन्होंने १८ तक एक दिन छोड छोड कर विरोध प्रदर्शन करने का फैसला किया है।


