वीरगंज में ३० फीट रावण के पुतले का दहन कर भव्य रुप से मनाई गई विजयादशमी
इसे जरूर क्लिक करें
काठमांडू, ६ अक्टूबर– दशहरा के अंतिम दिन बहुत से जगहों पर रावण दहन किया जाता है । कहते हैं आज ही दिन भगवान श्रीराम ने लंकापति रावण पर विजय प्राप्ति की थी और रावण मारा गया था । उसी उपलक्ष्य में रावण दहन होता है और हम और आप इसे विजयादशमी के रुप में मनाते हैं ।
वीरगंज में हरेक वर्ष विजया दशमी के दिन रावण दहन किया जाता है । इसी तरह इस बार भी यह मनाया गया । वीरगंज में ३० फीट की रावण का पुतला बनाया गया और हजारों लोगों की सहभागिता के बीच रावण दहन कर विजया दशमी मनाया गया । दशहरा को विजया दशमी भी कहा जाता है । असत्य के उपर सत्य की, अधर्म के उपर धर्म की, विजय को विजयादशमी त्योहार को मनाते आ रहें हैं । इसी उपलक्ष्य में बीरगंज में ३० फीट के बने रावण के पुतले का दहन कर विजया दशमी मनाई गई । इसमें हजारों स्थानीय वासियों की सहभागिता थी।
साथ ही वीरगंज महानगरपालिका के मेयर राजेशमान सिंह, वरिष्ठ उद्योगपति एवं समाजसेवी अशोक वैद्य, साबिह दरबार के पीठाधिपति श्री देवेन्द्र सिंह, नेकपा एमाले नेता एवंम प्रदेश सभा सदस्य उम्मीदवार शम्भू गुप्ता, वीरगंज १६ के वडा अध्यक्ष परशुराम चौरसिया सहित अन्य की उपस्थिति में विधिपूर्वक रावण के पुतले को आग लगाकर दहन किया ।
इसके साथ ही विभिन्न सांस्कृतिक कार्यक्रम भी किए गए । इसके पहले मोटरसाईकिल रैली निकाली गई । शस्त्रों की पूजा कर शोभा यात्रा भी निकाली गई । वैष्णों मंदीर से निकली शोभा यात्रा ईनर्वा,घुसुकपुर, छपकैया, विर्ता,अखलियाठाम, आदर्शनगर, माईस्थान, घण्टाघर चौक होते हुए रेलवे रोडके रामटोल, बाईपास के नगवा होते हुए कार्यक्रम स्थल में पहुँचकर रावण दहन कार्यक्रम में परिणत हो गया । कार्यक्रम में विभिन्न धार्मिक संगठनों के स्वयंसेवकों की उपस्थिति थी । शोभा यात्रा में किसी तरह कोई अप्रिय घटना नहीं हो इसके लिए व्यापक रुप में सुरक्षा व्यवस्था की गई थी ।



