‘एक मधेस एक प्रदेश’ अन्तिम विकल्प : जयप्रकाश गुप्ता
विराटनगर, भद्र ७ । तराई–मधेस राष्ट्रीय अभियान के संयोजक जयप्रकाश गुप्ता ने संबिधान निर्माण मे एक मधेस एक प्रदेश के अलावा कोई भी शर्त स्वीकार्य नही होने की बात बताई है । गुप्ता ने कहा है कि अगर मधेसी के पहचान की मान्यता नही दी गयी तो नयाँ संविधान स्वीकार्य नही होगा । उन्होने कहा कि ‘मधेसी के पहचान को समाप्त करने का खेल हो रहा है ’ यदि संविधान से ही हमारा पहचान हटा दिया गया तो संविधान ही मृत्य हो जायेगा ।’ विराटनगर मे कार्यकर्ता प्रशिक्षण शिविर को सम्वोधन करते हुये गुप्ता ने आरोप लगाया कि कांग्रेस, एमाले और एमाओवादी के नेताओं व्दारा मस्यौदा निर्माण के क्रम मे मधेसी के पहचान को ही समाप्त किया जा रहा है । शनिबार को विराटनगर मे जिल्लास्तरीय कार्यकर्ता प्रशिक्षण शिविर को सम्बोधन करते हुये उन्होने ‘एक मधेस एक प्रदेश’ के निर्माण के लिये सभी मधेसी समुदाय को ऐक्यबद्ध होने का आह्वान भी किया । नयाँ संविधान मे उत्तर और दक्षिण जोडकर तराई को पाँच वा सात प्रदेश मे बाटने का षर्यन्त्र हो
रहा है ऐसा होने पर सभी मधेसी को क्रान्ति के लिये तैयार रहने को भी उन्होने अह्वान किया ।
अभियान के विदेश विभाग प्रमुख देवेश झा ने कहा कि पहला संविधानसभा मे बहुमत मे होने पर भी परिवर्तनकारी शक्तियों ने संविधान नहीं बना सका अभी तो परिवर्तनकारी समूह ही अल्पमत मे हैं इसलिये मधेस के हित मे संविधान बनने की सम्भावना बहुत कम दिखती है ।
तमरा अभियान का मोरंग जिल्ला स्तरीय प्रशिक्षण अब समाप्त हो गया है । इसी क्रम मे यह अन्तिम प्रशिक्षण था । इस प्रकार चार महिना का प्रशिक्षण अब समाप्त हो गया है। तमरा अभियान अब मधेश के प्रशिक्षित कार्यकर्ताओं का एक बरा संगठन के रुप मे रूपान्तरित हो रहा है । तमरा अभियान अब नये चरण मे प्रवेश की घोषणा करने वाली है ।

