निजी विद्यालय का नाम नेपाली में रखने का निर्देशन
काठमांडू, चैत १६ – काठमांडू महानगर ने निर्देशन दिया है कि निजी विद्यालयों के नाम नेपाली में ही रखे जाएं । नाम परिवर्तन करनेके लिए एक महीने का समय दिया गया है । वैसे यह कोई पहली बार नहीं किया गया है इससे पहले भी विभिन्न समूहों द्वारा यह विषय उठाया गया है ।
महानगरपालिका के शिक्षा विभाग द्वारा जारी सूचना में शिक्षा नियमावली २०५९ के नियम १५४ (१) तथा काठमांडू महानगरपालिका विद्यालय शिक्षा व्यवस्थापन नियमावली २०७४ के नियम ७० में व्यवस्था होने के अनुसार जिसमें नेपालीपन की झलक मिले । कुछ इस तरह के विद्यालयों का नामकरण करने की व्यवस्था का उल्लेख किया गया है ।
वैसे जैसे ही यह सूचना सार्वजनिक की गई विद्यालय संचालको ने कहना शुरु कर दिया है कि यह सब सस्ती लोकप्रियता के लिए किया जा रहा है । शिक्षा नीति में सुधार लाने की ओर ध्यान नहीं देकर केवल नेपालीपन दिखाने के लिए जो यह नियम लगाया जा रहा है इससे राष्ट्रीयता नहीं आएगी न ही देश का विकास होने वाला है । । शिक्षा नीति में लाएं सुधार, अपने देश में अपने युवा को कैसे विदेश जाने से रोके । इन विषयों पर ध्यान दें महानगर तो बेहतर होगा । सस्ती लोकप्रियता के पीछे न भागे ।


Very good suggestions.
Governments at various levels should give emphasis on solving burning issues such as unemployment, Exodus of youths, environment degradation, climate change, low women empowerment, very slow economic growth etc. People, Nature, and economic growth is more important than false nationalism. Changing name does not make much sense.