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नेपालगन्ज मानव अधिकार के प्रति जवाफदेही तथा अनुगमन समाचार

 

2नेपालगन्ज,(बाँके) पवन जायसवाल,२०७१ माघ १ गते ।
मध्यपश्चिम क्षेत्र के सभी सरकारी तथा सुरक्षा निकाय के प्रमुख तथा सुर्खेत जिला स्थित सरकारी निकाय तथा सुरक्षा निकाय के प्रमुखों से मानव अधिकार तथा जवाफदेहिता सम्बन्ध में आयोग ने अन्तरक्रिया किया है ।
वह अन्तरक्रिया कार्यक्रम में आयोग के माननीय अध्यक्ष अनुपराज राज शर्मा ने निर्देशन देते हुयें नागरिक तथा राजनैतिक अधिकारों के अतिरिक्त आर्थिक सामाजिक तथा साँस्कृतिक अधिकारों को कार्यान्वयन तथा सुनिश्चितता के लियें निर्देशन देते हुयें जवाफदेही बनने के लियें  निर्देशन दिया है ।
सरकार ने किया मानव अधिकार सम्बन्धि राष्ट्रीय तथा अन्तराष्ट्रीय प्रतिवद्धतों सम्बन्धित सरकारी निकायों को क्षेत्राधिकार के अन्दर की कार्यान्वयन नही हुई तो मानव अधिकार उल्लंघन के अन्दर होने की बताया ।
आगामी दिनों में आयोग ने मानव अधिकार संरक्षण में वेवास्ता करने वाले व्यक्ति व निकाय को विभागीय कारवाही  प्रक्रिया अवलम्वन  करने की नीति स्पस्ट किया । कार्यक्रम में आयोग के सचिव वेदप्रसाद भट्टराई ने सेवा प्रदायी करने निकायों ने अपनी  जिम्मेवारीया“ पूरा न करने से व्यक्ति की समानता मर्यादा न्याय और स्वतन्त्रता में आद्यात पहु“चेगी आगामी दिनों में आयोग ने विभागीय कारवाही करने के लियें अध्ययन कर रही है बताया ।
सार्वजनिक पद धारण करनेवाले व्यक्तियो ने सार्वजनिक जिम्मेवारी बहन कर नही सकते है तो भी मानव अधिकार उल्लंघन हो रही बाते  दृष्टान्त देते हुयें प्रष्ट किया । इस क्षेत्र में रहे खास करके आर्थिक सामाजिक साँस्कृतिक अधिकार सम्बन्धि शिक्षा स्वास्थ्य यातायात सामाजिक सुरक्षा के विषय पर राज्य के निकायें गम्भीर होने के लियें  बताया ।
मध्यपश्चिम क्षेत्र की  समग्र मानव अधिकार अवस्था खास करके शान्ति सुरक्षा, शिक्षा, स्वास्थ्य, प्रकृतिक प्रकोपों से उत्पन्न परिस्थितीयों के कारण मानव अधिकार उपभोग में पडी समस्या लैगिक हिंसा, बालबालिकाए“ के उपर हो रही दुव्र्यवहार लगायत के विषय में आयोगद्धारा अनुगमन हुआ और जवाफदेहिता प्रभावकारिता नही हुई विषय में आयोग के क्षेत्रीय  प्रमुख मुरारीप्रसाद खरेल ने विवरण प्रस्तुत कियाा था ।
वह कार्यक्रम में उपस्थित सम्पूर्ण सरकारी अधिकारीयों ने अपी अपनी कार्यालय अन्तरगत होनेवाली कार्यो की विवरण बारे में जानकारी करयें थे । अन्तरक्रिया कार्यक्रम में बोलते हुयें निमित्त क्षेत्रीय प्रशासक नारायण थापा, प्रमुख जिला अधिकारी यज्ञराज वोहरा, राष्ट्रीय अनुसन्धान के निर्देशक यतीराम पंगेनी, प्रहरी नायव महानिरिक्षक सुवोध अधिकारी लगायत लोगों की उपस्थिति रही थी  ।

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आयोगद्वारा सुर्खेत के बाढ तथा पहिरो पीडित अवस्था की अनुगमन
1नेपालगन्ज,(बाके) पवन जायसवाल,२०७१ ३ गते ।
राष्ट्रीय मानव अधिकार आयोग के अध्यक्ष अनुपराज शर्मा सहित की टोली ने सुर्खेत जिला स्थित कालागाव“ शिविर, महिला प्रशिक्षण केन्द्रस्थित शिविर र छिन्चु स्थित स्वास्थ्य चौकी  शिविर में वसोवास करते आ रहे  वाढ तथा पहिरो प्रभावितों को मानव अधिकार की अवस्थाए“के बारे में स्थलगत अनुगमन किया है ।
अनुगमन के क्रम में विस्थापित हुयें ५महीनें वितने के बाद में भी  विस्थापितों कीे पहिचान तथा परिचयपत्र वितरण न होना, विगत दो महीने से खाद्यान्न वितरण नही हो सकी, शिविर में पर्याप्त पाल, ओढ्न की बिछाने की, कपडालत्ता, खाना बनाने की लकडी की उचित बन्दोबस्त न होना, शिविरों में  विमारियों को सहज रुप में चेक जा“च नही होना, डेलेभरी महिलाए“, बालबालिकाए“ और जेष्ठ नागरिक ठण्डी से प्रभावित हुयें मिलें है ।
अनुगमन के क्रम में शिविर से ७ दिन के अन्दर पीडितों को  खाद्यान्न आपूर्ति करना और अन्य व्यवस्था मिलाने के लियें सुर्खेत जिला के के प्रमुख जिला अधिकारी को निर्देशन दिया है । इस के साथ उस विषय में नेपाल सरकार के उच्च पदस्थ अधिकारीउों के साथ सम्पर्क करके आवश्यक निर्देशन तथा व्यवस्था के लियें प्रधानमन्त्री तथा मन्त्रीपरिषद के कार्यालय और गृह मन्त्रालय को पत्राचार करके निर्देशन दिया गया है ।
सुर्खेत जिला स्थित विभिन्न शिविरों में विस्थापितों की संख्या ४५ हजार रही है जानकारी आयोग को प्राप्त हुई है ।
यह अनुगमन टोली में आयोग के का.मु. सचिव वेदप्रसाद भट्टराई, क्षेत्रीय कार्यालय नेपालगञ्ज के प्रमुख मुरारी खरेल, मानव अधिकार अधिकृतद्वय रमेशकुमार थापा और जायश्वर चापागाई समेत सहभागी रहे थे ।

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