छोटी आंत से कांटी निकाल कर डा.राम देवचौधरी ने बच्चे को दिया नया जीवन

जनकपुरधाम से मिश्री लाल मधुकर
बच्चे नटखट होता है।अनजाने में क्या गलती कर बैठे, कोई नहीं जानता है।ऐसी ही गलती कर बैठी सिरहा जिला के मिरचैया नगरपालिका भागवतपुर के भागवतपुर के 11बर्षीय विशाल पंडित।वे 3इंच की कांटी मुंह में रखकर खेल रहा था। संयोगवश कांटी वे निगल गया। कांटी निगलने के बाद वे पिटाई की डर से माता पिता को नहीं बताया। कांटी उनके छोटी आंत में जाकर फंस गया। कांटी छोटी आंत में फंसने के बाद उस लड़का को पेट में दर्द, बैचैनी,अपच,उल्टी जैसी समस्या उत्पन्न हो गया।दर्द होने के बाद बच्चे के माता-पिता ने स्थानीय चिकित्सक से संपर्क किया।दो दिन दवा चली।कोई सुधार नहीं हुआ। फिर मिरचैया के डा.से दिखाया। लेकिन कोई सुधार नहीं हुआ। वे काठमांडू ले जाने की परामर्श दी।परिवार वालो की चिंता और बढ गयी। उनके एक रिश्तेदार ने डॉ.रामदेव चौधरी से परामर्श करने की सलाह दी। उनके परिवार वालो नेबच्चे को डा.रामदेव चौधरी से चिकित्सा हेतु सोमवार को संपर्क किया।डा.ने उनकी समस्या जानकर जव एक्सरे करवाया तो छोटी आंत में कांटी स्पष्ट दिखाई दिया।डा.रामदेव चौधरी ने एक घंटा अथक प्रयास से इंडोस्कोपी विधि मुंह के रास्ते से 3इंच का कांटी निकालकर बच्चे को नयी जिंदगी दी। कांटी निकलने के बाद बच्चा स्वस्थ हो गया। इससे पहले भी डा.रामदेव चौधरी(डी.एम.) गैस्ट्रोलॉजी ने एक बृद्ध कोअन्न नली मेंअटके बकरे की हड्डी तथा एक व्यक्ति को भी अन्न नली में फंसे सूअर की मांस को इंडोस्कोपी विधि से निकालकर मरने से बचाने का काम किया है।

