भारतीय विदेश सचिव विक्रम मिस्री का नेपाल भ्रमण : राष्ट्रपति सहित शीर्ष नेताओं से भी हुई मुलाकात
काठमांडू, 01 भाद्र 2082 (रविवार)
भारत–नेपाल संबंधों को और प्रगाढ़ बनाने के उद्देश्य से भारतीय विदेश सचिव विक्रम मिस्री दो दिवसीय नेपाल यात्रा पर काठमांडू पहुँचे। यात्रा के पहले ही दिन उन्होंने नेपाल के शीर्ष राजनीतिक नेतृत्व, राष्ट्रपति तथा परराष्ट्र नेतृत्व से लगातार मुलाकातें कीं।
प्रधानमंत्री ओली से विशेष मुलाकात और भारत यात्रा का निमंत्रण
रविवार सुबह काठमांडू पहुँचते ही विक्रम मिस्री ने सबसे पहले प्रधानमंत्री एवं UML अध्यक्ष केपी शर्मा ओली से सिंहदरबार में शिष्टाचार भेंट की। इस अवसर पर उन्होंने भारतीय प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की ओर से भदौ अन्तिम सप्ताह में भारत यात्रा के लिए औपचारिक निमंत्रण पत्र सौंपा।
प्रधानमंत्री ओली की भारत यात्रा लगभग तय मानी जा रही है, यद्यपि इसकी औपचारिक घोषणा अभी शेष है।
राष्ट्रपति पौडेल : “भारत से संबंध उच्च प्राथमिकता पर”
प्रधानमंत्री ओली से मुलाकात के बाद मिस्री राष्ट्रपति रामचंद्र पौडेल से शीतल निवास पहुँचे।
राष्ट्रपति पौडेल ने कहा कि भारत एक निकट मित्र व छिमेकी देश होने के नाते नेपाल के लिए अत्यंत महत्वपूर्ण है। उन्होंने भारत की सामाजिक–आर्थिक, तकनीकी और अंतरराष्ट्रीय स्तर पर हो रही प्रगति की प्रशंसा करते हुए कहा कि नेपाल इन उपलब्धियों से लाभान्वित होता आया है और भविष्य में भी अधिक लाभ लेना चाहता है।

राष्ट्रपति पौडेल ने स्पष्ट कहा –
“नेपाल ने हमेशा भारत के साथ संबंधों को उच्च प्राथमिकता दी है। भारत सरकार की ‘पड़ोसी प्रथम नीति’ की नेपाल सराहना करता है।”

शीर्ष विपक्षी नेताओं से भी मुलाकात
विदेश सचिव मिस्री ने रविवार को ही नेपाल कांग्रेस के अध्यक्ष एवं पूर्व प्रधानमंत्री शेरबहादुर देउवा से उनके निवास बुढानीलकंठ में मुलाकात की।

इसके बाद वे माओवादी केंद्र के अध्यक्ष एवं पूर्व प्रधानमंत्री पुष्पकमल दाहाल ‘प्रचंड’ से खुमलटार स्थित उनके निवास पर मिले। इन मुलाकातों में नेपाल–भारत के साझा हित, द्विपक्षीय सहयोग और आपसी विश्वास पर चर्चा हुई।
परराष्ट्र मंत्री डॉ. आरजु राणा देउवा से वार्ता
विदेश सचिव मिस्री ने रविवार को ही नेपाल की परराष्ट्र मंत्री डॉ. आरजु राणा देउवा से भी मुलाकात की। इसके बाद उन्होंने नेपाल के परराष्ट्र सचिव अमृतबहादुर राई के साथ द्विपक्षीय बैठक की।
विदेश सचिव राई ने उनके सम्मान में रात्रिभोज का आयोजन भी किया, जिसमें दोनों देशों के बीच कनेक्टिविटी, विकास परियोजनाएँ और भविष्य की साझेदारी पर विचार–विमर्श हुआ।
नेपाल–भारत संबंधों को नई ऊर्जा
अपनी यात्रा के दौरान मिस्री ने कहा कि आधुनिक युग में दोनों देशों के बीच प्रगति और विकास को साझा करने के लिए कनेक्टिविटी और सहयोग को और बढ़ाना आवश्यक है। उन्होंने विश्वास जताया कि यह यात्रा नेपाल–भारत संबंधों को नई ऊर्जा प्रदान करेगी।
निष्कर्ष
भारतीय विदेश सचिव विक्रम मिस्री की यह यात्रा भले ही केवल दो दिनों की हो, परंतु इसमें उन्होंने नेपाल के लगभग सभी शीर्ष नेताओं से मुलाकात कर संदेश स्पष्ट कर दिया कि भारत–नेपाल संबंध नई ऊँचाइयों की ओर अग्रसर हैं।
उनकी मुलाकातों ने यह भी संकेत दिया कि आने वाले हफ्तों में प्रधानमंत्री ओली की भारत यात्रा दोनों देशों के संबंधों के लिए एक नया अध्याय खोल सकती है।


