पूर्व प्रधानमन्त्री भट्टराई को चीन के हङकङ में एक घंटा नियन्त्रण में रखा गया
काठमांडू, १३ कार्तिक | हंगकंग से प्राप्त जानकारी अनुसार पूर्व प्रधानमन्त्री तथा नयाँ शक्ति नेपाल के संयोजक डा. बाबुराम भट्टराई को हङकङ स्थित अध्यागमन विभाग ने एक घन्टा नियन्त्रण में रखा था ।
भट्टराई ने इसे नेपाली का अपमान कहते हुये चीन से बात केने की बात बताई है | चीन में हुये सिल्क रोडसम्बन्धी सम्मेलनम में भाग लेकर पूर्व प्रधानमन्त्री भट्टराई अपनी पत्नी हिसिला यमी और स्वकीय सचिव विश्वदीप पाण्डे के साथ हङकङ पहुँचे थे ।
भट्टराई के अनुसार उनके पास सरकार द्वारा दी गई लाल पासपोर्ट भी है। लेकिन अधिकांश समय में वे हरा पासपोर्ट ही प्रयोग करतें हैं । भट्टराई ने कहा कि हरा पासपोर्ट देखकर उन तीनों को पिपुल इन कस्टडी/पिपुल अण्डर इन्भेष्टिगेशन में लेजाकर रखा । हलाकि उनसे कुछ पूछताछ नही की गई | अध्यागमन के एक अधिकृत आकर केवल सौरी कहकर उन्हें आने दिया | लेकिन किस कारण से उन्हें रोका गया यह उन्हें नही बताया गया | भट्टराई ने इसे चीन सरकार के साथ उठाने की बात बताई है |


