महाधिवेशन से पारित लाइन ही पार्टी की धारणा हैः प्रकाशमान सिंह
२५ मार्च, भद्रपुर– नेपाली काङ्ग्रेस का पूर्व महामन्त्री प्रकाशमान सिंह ने बताया कि सङ्घीयता, गणतन्त्र और धर्म निरपेक्षता के विषय में महाधिवेशन ने जो पारित किया है, वही पार्टी का अधिकारिक लाइन है ।
झापा के विर्तामोड में नेपाल प्रेस युनियन द्वारा आयोजित आज सुबह पत्रकार सम्मेलन में उन्होंने स्पष्ट कहा कि पार्टी के विभिन्न नेताओं ने बोलते समय महाधिवेशन के लाइन विपरीत निजी विचार रखते हैं ।
सिंह ने कहा, ‘नेपाली काङ्ग्रेस लोकतान्त्रिक पार्टी हाने के कारण अपना अलग धारणा रखना नेताओं का अधिकार होता है परन्तु पार्टी की आधिकारिक धारणा क्या है ? अगर सवाल उठा तो इधर उधर भटकने की जरुरत नहीं है, महाधिवेशन ने जो कहा है, वही पार्टी की धारणा है ।
पत्रकारों के प्रश्नों का उत्तर देते हुये महामंत्री सिंह ने कहा कि हम इस सत्ता से असंतुष्ट हैं क्योंकि वर्तमान सरकार को विप्लव समूह को वार्ता में लाने की औकात नहीं है ।
नेपाली काङ्ग्रेस के नेतृत्व में पूर्व प्रधानमन्त्री गिरिजाप्रसाद कोइराला ने सशस्त्र सङ्घर्षशील तत्कालीन विद्रोही माओवादी को शान्तिपूर्ण राजनीति के मूलधार में लाने की स्मरण कराया और उन्होंने वर्तमान सरकार से आग्रह करते हुये कहा कि अविलम्ब विप्लव समूहला को भी वार्ता के जरिये राजनीतिक मूलधार में लाया जाय ।

