नेकपा दस्तावेजः भारत और अमेरिका नीति में परिवर्तन
काठमांडू, २३ जुलाई । कहा जाता है कि ‘कम्युनिष्ट’ नाम में नेपाल में जो भी राजनीतिक पार्टी है, वह भारत और अमेरिका के प्रति आक्रमक नीति अवलम्बन करते हैं और हरदम दुश्मन के रुप में व्याख्या करते हैं । लेकिन सत्तारुढ दल नेपाल कम्युनिष्ट पार्टी (नेकपा) ने अपनी राजनीतिक दस्तावेज में भारत और अमेरिका नीति में कुछ परिवर्तन किया है । पार्टी एकता के दौरान १४ महीना पूर्व निर्वाचन आयोग में पंजीकृत दस्तावेज को परिवर्तन करते हुए नेकपा ने भारत और अमेरिका के प्रति सफ्ट नीति अख्तियार किया है ।
आज प्रकाशित अन्नपूर्ण पोष्ट के अनुसार पुरानी दस्तावेज में उल्लेख अमेरिका संबंधी दो शब्द हटाया गया है । पुरानी दस्तावेज में उल्लेख है कि अमेरिकी नीति के कारण व्यापार युद्ध की सम्भावना है । उसमें कहा गया है कि अमेरिका ने अन्य देशों से आयातीत वस्तुओं में कडा भन्सार नीति अवलम्बन किया है, जिससे वह अपनी एकाधिकार पुँजी को संरक्षणकर्ता के रुप में दिखाई दिती है और मतभेद हो सकती और व्यापार युद्ध की सम्भावना बढ़ती है । लेकिन प्रकाशित होनेवाली नयां दस्तावेज में उल्लेखित विश्लेषण नहीं है ।
इसीतरह भारत के सन्दर्भ में भी नेकपा ने सफ्ट नीति बनाया है । पुरानी दस्तावेज में भारत को स्पष्ट संकेत करते हुए ‘पड़ोसी शासक’ कहा गया है और उस की नकारात्मक व्यवहार के बारे में उल्लेख है लेकिन नयां दस्तावेज में सीधा भारत की और संकेत नहीं है । उस जगह में ‘वैदेशिक प्रतिक्रियावादी शक्ति’ रखा गया है, जिससे सिर्फ भारत को ही संकेत नहीं करता ।

