राजनीतिक दलों के कारण ही गणतन्त्र समाप्त हो सकता हैः भुसाल
गणतन्त्र को संरक्षण करने के लिए कांग्रेस और नेकपा के बीच सहकार्य आवश्यक
काठमांडू, १६ सितम्बर । नेपाल कम्युनिष्ट पार्टी (नेकपा) के नेता घनश्याम भुसाल ने कहा है कि राजनीतिक दलों के कारण ही गणतन्त्र समाप्त होने की खतरा बढ़ रही है । वीपी कोइराला की १०६वें जन्मजयन्ती के अवसर पर गान्धी अध्ययन तथा शान्ति केन्द्र और समता अध्ययन केन्द्र द्वारा आइतबार काठमांडू में आयोजित कार्यक्रम को सम्बोधन करते हुए उन्होंने ऐसा कहा है । सिर्फ नेता भुसाल ने ही नहीं, कार्यक्रम के अन्य वक्ताओं ने भी ऐसी ही दावा की है ।
कार्यक्रम को सम्बोधन करते हुए नेकपा के नेता भुसाल ने कहा है कि अगर गणतन्त्र को संरक्षण करना है तो नेपाली कांग्रेस और नेकपा के बीच सहकार्य आवश्यक है । नेता भुसाल को कहना है कि आज जिस गति में देश आगे बढ़ रही है, उससे समृद्धि सम्भव नहीं है । समाजवादी व्यवस्था पर जोर देते हुए नेता भुसाल ने कहा कि संविधान में उल्लेख मुलभूत मुद्दा संघीयता, धर्म निरपेक्षता, समानता, समाजवाद के ऊपर आज प्रहार हो रहा है, जनता की आकांक्षा सम्बोधन नहीं हो पाया है, जिसके चलते संघीयता ही संकट में है ।
गान्धी अध्ययन शान्ति केन्द्र के संस्थापक अध्यक्ष प्रदीप गिरी ने कहा है कि संविधान में उल्लेख प्रावधान के प्रति आम जनता सन्तुष्ट नहीं है, उनका कहना है कि संविधान लोकतन्त्र की संस्थागत मूल्य–मान्यता अनुसार जारी नहीं हो पाया, जिसके चलते भी लोकतन्त्र खतरा में है । कार्यक्रम के अन्य वक्ता डा. कञ्चन झा, दीपकुमार उपाध्याय, शेखर गिरी, लोकराज बराल, डा. उद्धव प्याकुरेल आदि वक्ता ने वर्तमान सरकार तथा राजनीतिक परिस्थिति प्रति चर्चा करते हुए कहा कि आज गणतन्त्र और संघीयता संकट में पड़ते जा रहा है ।

