राजस्थान में अंतर्राष्ट्रीय संगोष्ठी सम्पन्न, डा.श्वेता दीप्ति मुख्य अतिथि तथा डॉ शम्भू गुप्त मुख्य वक्ता थे
लालगढ़, जाटान श्री गंगा नगर राजस्थान स्थित भगवती कन्या महाविद्यालय के परिसर में दो दिवसीय अंतररार्ष्ट्रीय संगोष्ठी का आयोजन किया गया | संगोष्ठी का विषय था समकालीन विमर्श और बेहतर समाज के सपने : यथार्थ और संभावनाएं .एक बेहतर और विकसित समाज की स्थापना और उसकी संभावनाओं को लेकर वर्तमान में जिस परिवर्तनकारी विचार मंथन, बौद्धिक विमर्श और विश्लेषण की आवश्यकता है , इसी सन्दर्भ में उक्त कार्यक्रम का आयोजन किया गया . कार्यक्रम की अध्यक्षता भगवती कन्या महाविद्यालय के अध्यक्ष श्री राजाराम कश्वा ने की . इस महत्वपूर्ण संगोष्ठी में राजस्थान और भारत के विभिन्न विश्वविद्यालयों के प्रोफ़ेसर एवं छात्रों ने भाग लिया .
कार्यक्रम में मुख्य अतिथि के रूप में काठमांडू नेपाल त्रिभुवन विश्वविद्यालय केंद्रीय हिंदी विभाग की पूर्व अध्यक्ष एवं हिमालिनी हिंदी मासिक पत्रिका की संपादक डॉ श्वेता दीप्ति की उपस्थिति थी . मुख्य वक्ता के रूप में महात्मा गाँधी हिंदी विश्वविद्यालय वर्धा महाराष्ट्र के पूर्व विभागाध्यक्ष डॉ शम्भू गुप्त, जयपुर से राजाराम भादू, जोधपुर जयनारायण व्यास विश्वविद्यालय से डॉ जनक सिंह मीणा , बड़ौदा वि वि से डॉ मोनिका, महात्मा गाँधी हिंदी वि वि वर्धा से तब्बसुम निहाँ आदि की महत्वपूर्ण उपस्थिति थी .
सिनेमा और साहित्य विषय पर मुख्य वक्ता के रूप में सिने जगत के प्रसिद्ध मुंबई के लेखक मयंक सक्सेना की महत्वपूर्ण उपस्थिति रही . कार्यक्रम का कुशल सञ्चालन एवं संपादन संगोष्ठी संयोजक सुभाष सिंगाठिया ने किया . कार्यक्रम को दो दिनों में आठ सत्रों में सम्पादित किया गया जिसमें समकालीन नव विमर्श अंतर्गत नारी विमर्श, आदिवासी विमर्श, दलित विमर्श, अल्पसंख्यक विमर्श पर चर्चा हुई . साथ ही वैश्वीकरण के परिप्रेक्ष्य में मिडिया विमर्श, बाजार विमर्श, तथा समकालीन सन्दर्भ में लोक जीवन, लोक संस्कृति, अध्यात्म आदि महत्वपूर्ण विषयों पर परिचर्चा की गई साथ ही विभिन्न महाविद्यालयों से आये शोध छात्रों ने अपने शोध पत्र प्रस्तुत किये .
उल्लेखनीय है की भगवती कन्या महाविद्यालय द्वारा दो दिवसीय अंतर्राष्ट्रीय संगोष्ठी का यह पहला आयोजन था . जो अत्यंत ही सफल और सार्थक रहा .









