विश्व स्वास्थ्य संगठन (WHO) को अमेरिका से मिलने वाले फंड पर रोक लगा
वाशिंगटन
अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने विश्व स्वास्थ्य संगठन (WHO) को अमेरिका से मिलने वाले फंड पर रोक लगाने का ऐलान कर दिया है। ट्रंप ने मंगलवार को कहा कि उन्होंने अपने प्रशासन को विश्व स्वास्थ्य संगठन (WHO) की फंडिंग को रोकने का निर्देश दिए हैं। साथ उन्होंने यह भी कहा कि कोरोना वायरस के चीन में उभरने के बाद इसके प्रसार को छिपाने और गंभीर कुप्रबंधन में संगठन की भूमिका की समीक्षा की जा रही है।
ट्रंप ने एक प्रेस कॉन्फ्रेंस के दौरान कहा, ‘आज मैं अपने प्रशासन को विश्व स्वास्थ्य संगठन (WHO) की फंडिंग को रोकने का निर्देश दे रहा हूं। हम वैश्विक स्वास्थ्य को लेकर सीधे दूसरों के साथ काम करेंगे। हम जो भी सहायता भेजते हैं, उस पर कठोरता से चर्चा होगी।’
डब्ल्यूएचओ की दुनियाभर में आलोचना
महामारी को लेकर अमेरिकी राष्ट्रपति ने विश्व स्वास्थ्य निकाय की आलोचना कहते हुए कहा है कि संगठन को कोरोना के खतरों के बारे में काफी समय पहले से पता था, लेकिन उसने देरी से कदम उठाए। ट्रंप ने कहा कि संगठन को उसके द्वारा कदम उठाए जाने से महीनों पहले वायरस के बारे में जानकारी थी। बता दें कि इस महामारी को लेकर चीन के साथ-साथ डब्ल्यूएचओ की दुनियाभर में आलोचना हो रही है। कथित तौर पर दोनों पर आरोप लगाया जा रहा है कि वायरस को इन्होंने गंभीरता से नहीं लिया, जिससे यह पूरे विश्व में फैल गया।
213 देशों में 18 लाख से ज्यादा मामलों की पुष्टि
अमेरिका में कोरोना वायरस के 600,000 से ज्यादा मामलों की पुष्टि हो गई है और अब-तक 25, 000 से ज्यादा लोगों की मौत हो गई है। डब्लूएचओ के अनुसार 213 देश कोरोना के चपेट में हैं और 18 लाख से ज्यादा मामलों की पुष्टि हो गई है। इससे मरने वालों की संख्या 1 लाख से ज्यादा हो गई है। कोरोना वायरस का पहला मामला दिसंबर में चीन में सामने आया था। कोरोना से सबसे ज्यादा यूरोप प्रभावित रहा है। यहां 9 लाख से ज्यादा मामलों की पुष्टि हो गई है।

