मधेशी को अपमानित कर कार्यक्रम संचालन करनेवाला टेलिविजन से स्पष्टीकरण मांग
काठमांडू, २१ मई । मधेशी समुदाय को अपमानित कर कार्यक्रम संचालन करनेवाला कृषि टेलिभिजन से प्रेस काउन्सिल नेपाल ने स्पष्टीकरण मांग किया है । पत्रकार वीपी साह के शिकायत पर काउन्सिल ने कृषि टेलिविजन को तीन दिनों के भीतर स्पष्टकीरण पेश करने के लिए कहा है ।
काउन्सिल द्वारा जारी पत्र में कहा गया है कि प्रासरित सामाग्री अध्ययन के बाद पता चलता है कि पत्रकार आचारसंहिता, २०७३ (प्रथम संशोधन २०७६) की दफा ४ (३), ४ (४), ४ (६) ५ (१) का उल्लंघन किया गया है । पत्र में आगे कहा है कि इसतरहका सामग्री क्यों और किस तरह सम्प्रेषण हो गया है, जवाफ देना होगा । अन्यथा पत्रकार आचारसंहिता, प्रचलित ऐन, नियम, कानून अनुसार कारवाही करने की चेतावनी भी काउन्सिल ने दी है ।
स्मरणीय है, कृषि टेलिविजन से प्रसारित ‘कोरोना बिर्साउने गफगाफ’ नामक कार्यक्रम को मधेशी समुदाय लक्षित बनाया गया है, जहां उक्त समुदाय की भाषा, जीवनशैली, खानपान जैसे विषयों को समेटकर अपमानित किया गया है । उक्त कार्यक्रम में प्रयोग किए गए शब्द और आसय को लेकर अभी सामाजिक संजाल में व्यापक विरोध हो रहा है । प्रदेश नं. २ सरकार की ओर से मुख्य न्यायाधिवक्ता दीपेन्द्र झा और मधेशी आयोग ने भी इस कार्यक्रम को लेकर विरोध किया और केन्द्र सरकार का ध्यानाकर्षण करते हुए दोषी के ऊपर कारवाही मांग किया है ।

