एजिड नेपाल को मिला युनेस्को अन्तर्राष्ट्रीय शिक्षा पुरस्कार
६ सितम्बर, काठमांडू । संयुक्त राष्ट्रसंघीय निकाय युनेस्को ने इस वर्ष का विश्व प्रसिद्ध ‘युनेस्को अन्तर्राष्ट्रीय शिक्षा पुरस्कार २०२०’ जेष्ठ नागरिकों के क्षेत्र में कार्यरत नेपाली गैरसकारी संस्था एजिङ नेपाल को प्रदान किया है ।
एजिङ नेपाल द्वार सञ्चालित ‘ज्येष्ठ नागरिक आधारभूत शिक्षा कार्यक्रम’ विश्व भर के प्रतिस्पधियों में से सर्वोत्कृष्ट रहा । इसलिए फ्रान्स के पेरिसस्थित युनेस्को मुख्य कार्यालय ने उक्त पुरस्कार की घोषणा की है ।
प्रत्येक वर्ष विश्व शिक्षा दिवस( सेप्टेम्बर ८ )के दिन युनेस्को अन्तर्राष्टी«य शिक्षा पुरस्कार के विजेता की घोषणा होती है । इस पुरस्कार की राशी २० हजार अमेरिकी डलर है ।
सन् २०११ मा स्थापित गैरसरकारी संस्था एजिङ नेपाल ज्येष्ठ नागरिक के सवलीकरण, हक, हित और सेवा में सक्रिय है । उक्त संस्था सन् २०१६ से ‘ज्येष्ठ नागरिक आधार भूत शिक्षा कार्यक्रम’ सञ्चालन करती आ रही है ।
इससे पहले उक्त पुरस्कार वितरण कार्यक्रम फ्रान्स स्थित युनेस्को के मुख्य कार्यालय में होता था परन्तु इस वर्ष कोभिड–१९ महामारी के कारण भर्चुअल कार्यक्रम के द्वारा विश्व साक्षरता दिवस के दिन पुरस्कार प्रदान की जायेगी ।
पुरस्कृत खबर सार्बजानिक होने के बाद एजिङ नेपाल का संस्थापक अध्यक्ष कृष्ण मुरारी गौतम (चट्याङ् मास्टर) ने बताया कि ज्येष्ठ नागरिकका क्षेत्र में नेपाल को यह पहला अन्तर्राष्ट्रिय पुरस्कार से सम्मानित होने का अवसर प्राप्त हुआ है । जिससे मैं बहुत गर्वान्वित हुआ हूं । इस संस्था में संलग्न सभी सहयोगी प्रति आभार व्यक्त करता हूं ।

