कोरोना और मरनेवालों के संबंध में गलत सन्देश प्रवाह करने के आरोप में प्राकृतिक चिकित्सक गिरफ्तार
काठमांडू, ७ सितम्बर । कोरोना वायरस और संक्रमित मृतक के संबंध में गलत सन्देश प्रवाह करने के आरोप में नेपाल पुलिस (महानगरीय अपराध महाशाखा) ने सुवास सुब्बा लिम्बु को गिरफ्तार किया है । लिम्बू खूद को प्राकृतिक चिकित्सक कहते हैं । वह ललितपुर जिला स्थित ढोलाहिटी में आयुर्वेद पसल संचालन करते आ रहे थे ।
पुलिस ने कहा है कि लिम्बु को उनके ही पसल से गिरफ्तार किया गया है । पुलिस का कहना है कि लिम्बु ने कोरोना वायरस और मृतक के संबंध में गलत सन्देश प्रवाह किया है । स्मरणीय है, लिम्बु को इससे पहले भी महानगरी पुलिस वृत्त सातदोबाटो ने गिरफ्तार किया था ।
पिछली बार खूद को प्राकृतिक चिकित्सक कहते हुए लिम्बु ने कुछ युट्युव चैनल को अन्तरवार्ता दिया था । अन्तवार्ता में उन्होंने कहा है कि कोरोना वायरस सच्चाई से अधिक एक अफवाह है और वायरस है भी तो यह प्राकृतिक उपचार से ठीक हो सकती है । उन्होंने कोरोना से मरनेवालों के संबंध में एक गम्भीर प्रश्न उठाया है ।
लिम्बु का कहना है कि कोरोना से मरनेवाले व्यक्तियों की शरीर के विभिन्न अंग निकाला जाता है और उसको बेचा जाता है । उन्होंने दावा किया है कि मरनेवालों का शव परिवार को ना देना, शव को पोस्टमार्टम ना करना और उसको प्लास्टिक से लपेट कर अंतिम संस्कार करना, इसका प्रमाण है । पुलिस ने कहा है कि लिम्बू द्वारा अभिव्यक्ति इसतरह सम्पूर्ण कथन झुठा है, इसिलिए अफवाह फैलाने की आरोप में उनको गिरफ्तार किया गया है ।

