ममता झा सद्भावना पार्टी में प्रवेश,राजनीति में थप उत्साह: मनिष सुमन
लीलानाथ गौतम,काठमांडू, ६ अषाढ। साझा प्रकाशन की अध्यक्षा एवं महा-प्रबन्धक ममता झा राजेन्द्र महतो नेतृत्ववाली सद्भावना पार्टी में प्रवेश की है । इससे पहले झा मधेशी जनअधिकार फोरम (लोकतान्त्रिक) की सदस्य थी । कुछ महीने पहले झा ने फोरम लोकतान्त्रिक से इस्तीफा दिया था । विहीबार झा को सद्भावना अध्यक्ष महतो ने सदस्यता प्रदान करते हुए पार्टी में प्रवेश करवाया है ।
सद्भावना प्रवेश के बाद झाने पत्रकारों को बताया है– ‘सद्भावना पार्टी मधेश की सबसे पुराना पार्टी है । इसलिए मैं अपने पुराने घर में ही वापस आया हूँ ।’ उन्होंने यह भी दावा किया है कि संघीयता और समावेशिता के लिए लडनेवाली एक मात्र पार्टी सद्भावना ही है । ममता झा के साथ–साथ बिहीबार सद्भावना प्रवेश करनेवाले महानुभावों में तराई मधेश लोकतान्त्रिक पार्टी के सप्तरी जिल्ला उपाध्यक्ष शंकर गुप्ता, एमाले निकट महिला संघ के केन्द्रीय सदस्य विमला भट्टराई, संघीय सद्भावना पार्टी के रौतहट जिल्ला नेता शेख अब्दुल कलाम और नेपाली काँग्रेस रौतहट के जिल्ला नेता हकिकुल्लाह भी हैं ।
मधेशी महिला राजनीति में थप उत्साह ः महासचिव मनिष सुमन
ममता झा के सद्भावना प्रवेश के सम्बन्ध में हिमालिनी से बातचीत करते हुए सद्भावना पार्टी के महासचिव मनिष सुमन ने कहा है कि झा की सद्भावना प्रवेश से मधेशी महिला राजनीति में और उत्साह और हौसला बढेगा । विगत कुछ दिनों से सद्भावना प्रवेश में बढ़ रहे जनलहरको चर्चा करते हुए महासचिव मनिष ने कहा– ‘मधेश प्रति सद्भावना की नीति, विचार और व्यवहार प्रति आकर्षित होकर इस पार्टी में प्रवेश करने की जनलहर उमरी है, इसी की एक श्रृखंला है– ‘ममता झा की सद्भावा पार्टी में प्रवेश ।’ उन्होंने यह भी बताया है कि अब मधेशी महिला राजनीति में नयाँ तरंग आएगा और भी महिला संगठन और मजबुत होकर आगे बढेगा ।’
स्मरणीय है– नये निर्वाचन की चर्चा–परिचर्चा के साथ–साथ कुछ दिनों से पहाड में एमाओवादी और मधेश में सद्भावना पार्टी प्रवेश करनेवालों की बाढसी आई है । ऐसी ही अवस्था में सद्भावना पार्टी अपने को राष्ट्रिय दल का दावा करते हुए पहाडी और हिमाली क्षेत्र में बासोबास करनेवाले पहाडिया लोगों को भी आरक्षण की व्यवस्था करते हुए अपनी पार्टी में प्रवेश करा रही है । समाचार स्रोत बताते है कि तराई में सशस्त्र विद्रोह करनेवाले कुछ पार्टी में शान्तिपूर्ण राजनीति में अवतरित होकर सद्भावना में प्रवेश करने जा रहे हैं ।

