मजबूत लोकतन्त्र के लिए पूर्ण समानुपातिक संसद् और प्रत्यक्ष निर्वाचित कार्यकारी आवश्यकः डा. भट्टराई

काठमांडू, ३१ मार्च । जनता समाजवादी पार्टी के संघीय परिषद् अध्यक्ष तथा पूर्व प्रधानमन्त्री डा. बाबुराम भट्टराई ने कहा है कि नेपाल में आज भी लोकतन्त्र मजूबत नहीं है, उनका कहना है कि मजबूत लोकतन्त्र के लिए नेपाल में पूर्ण समानुपातिक संसद् और प्रत्यक्ष निर्वाचित कार्यकारी प्रधानमन्त्री अथवा राष्ट्रपतीय शासन प्रणाली आवश्यक है । रिपोटर्स क्लब की २४वें वार्षिकोत्सव के अवसर पर आयोजित कार्यक्रम को आज बिहिबार सम्बोधन करते हुए उन्होंने ऐसा दावा किया है ।
डा. भट्टराई ने यह भी कहा है कि देश की अर्थतन्त्र को सुरक्षित करने के लिए हमारी रणनीति में भी परिवर्तन आवश्यक है । उन्होंने कहा कि आज नेपाल श्रम निर्यात और बस्तु आयात कर रही है । इसमें परिवर्तन कर पूँजी और प्रविधि आयात और वस्तु और सेवा निर्यात करना चाहिए, ऐसी आर्थिक मॉडल नेपाल के लिए आवश्यक है ।
डा. भट्टराई ने यह भी कहा है कि विश्व भूराजनीति से आज नेपाल भी प्रभावित हो रहा है । उनका कहना है कि इसमें नेपाल को सचेतना अपनान चाहिए । उन्होंने कहा कि विश्व भूराजनीति के कारण अमेरिका, चीन और भारत बीच में जो संबंध विकसित हो रहा है, उसका प्रभाव नेपाल में भी पड़ रहा है । उन्होंने आगे कहा है कि स्थिति ऐसी है, नेपाल में शीतयुद्ध की छाया दिखाई दे रही है ।

