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एस. एस. बी द्वारा समन्वयात्मक अन्तरक्रिया(बाँके)

 

DSC01017नेपालगन्ज÷(बा“के) पवन जायसवाल, जेष्ठ २१ गते ।
सशस्त्र सीमा बल की नानपारा के सातवीं बटालियन ने नेपाल भारत के सीमा में रहे सञ्चारकर्मिंयों के साथ जेष्ठ २० गते मंगलवार को भारत उत्तरप्रदेश सीमावर्ती क्षेत्र जिला बहराइच रुपैडिहा बाजार में समन्वयात्मक अन्तरक्रिया किया है ।
सीमा की सुरक्षा के लिये तैनात रहे भारतीय सशस्त्र सीमा सुरक्षा बल (एसएसबी) के उच्च अधिकारियों ने नेपाल के साथ में अपनी सीमा की सुरक्षा से भी अधिक व्यवस्थापन की आवश्यकता रही बताया ।
वहाँ के सुरक्षा अधिकारियों ने सीमा में दो देशों की साझा समस्याए“ मात्र होने के नाते संयुक्त रुप में समाधान का प्रयास सार्थक परिणाम ला रही है बताया ।
दो देश के पत्रकारों के बीच में एस.एस.बी.के सातवीं बटालियन कमाण्डर, डीआइजी उपेन्द्र प्रकाश बलोदी ने नेपाल–भारत सीमा सुरक्षा में आपसी जोखिम की अवस्था नही रही है बताया । उन्होंने आपसी भाइचारे के सम्बन्ध को स्थानीय स्तर में बचाने के लिए जोर देते हुये कहा सीमा क्षेत्र की व्यवस्थापन की आवश्यक है ।
नेपाल के दाङ जिला से कैलाली जिला तक की भारतीय सीमा क्षेत्रों में रही लखीमपुर, बहराइच और श्रावस्ती जिला की सीमा सुरक्षा में तैनात डीआइजी बलोदी ने कहा नेपाल–भारत को नागरिक स्तर के सम्बन्ध ने सीमा में जोखिम रहित अवस्था बनाने की भूमिकाए“ निभाई है ।
लेकिन, खुला और भाईचारे के सम्बन्ध प्रति थोड़ी भी चूक हुई तो अन्य देश भी नाजायज फायदा उठा सकता है, सुरक्षा जोखिम उत्पन्न हो सकती है ’ डीआइजी बलोदी ने कहा दोनों देशों के सञ्चारकर्मियों ने सहजीकरण की भूमिकाए“ निभाना होगा । उन्होंने कहा सीमा सुरक्षा और व्यवस्थापन को और प्रभावकारी बनाने के लियें भारत सरकार सभी सीमा में पक्की सडक निर्माण कार्य कर रही है ।
सीमा क्षेत्र लागू औषध का कारोबार, सीमापार अपराध, मानव व्यापार, और मालसामान की अवैध तस्करी के लिए भी संवेदनशील बनती जा रही है कहते हुये कहा एस.एस.बी.के क्षेत्रीय प्रमुख, डीआइजी बलोदी ने उस के नियन्त्रण में प्रभावशाली भूमिका निभाया है । उन्होंने कहा अभी तो नेपाल भारत की सीमा क्षेत्रों में लागू पदार्थ की तस्करी सब से बड़ी समस्या दिखाई पड़ रही है बताया ।
एस.एस.बी. सा“तवीं बटालियन के डेपुटी कमाण्डर बीसी जोशी ने कहा नेपाल की ओर से लागूपदार्थ चरश भारत की ओर तस्करी होना और भारत की ओर से ब्राउनसुगर नेपाल जाता रहता है यह तथ्याङ्क प्रस्तुत किया ।
उन्होंने कहा पिछले ६ महीने में केवल पौने ३ करोड़ से अधिक अवैध तस्करी को नियन्त्रण में लेने में एसएसबी सफल रही है बताया ।
बैठक में सहभागी दोनों देशों के सञ्चारर्किंमयों ने जनस्तर में हो रही सुरक्षाकर्मियों के व्यवहार में सुधार करने में जोर दिया । नेपाल भारत संयुक्त पत्रकार मञ्च के ओर से नेपाल तर्फ के अध्यक्ष पुर्णलाल चुके ने कहा आम नेपालियों के प्रति एस.एस.बी.के स्थानीय सुरक्षाकर्मियों का व्यवहार मानवीय और सम्मानजनक भी होना चाहिए बताया ।
भारतीय पत्रकार रविशंकर शुक्ला ने कहा सीमाओं से हो रही लागू पदार्थ तस्करी नियन्त्रण करना सीमा प्रहरी बल की बहुत बडी चुनौतिया“ रही है ।
उन्होंने कहा नानपारा, बहराइच से सीमावर्ती बाजार रुपेैडिया में आ कर लागू पदार्थ का कारोबार करते आ रहे है तथ्य प्रस्तुत करते हुये नियन्त्रणों में एस.एस.बी.की बहुत बड़ी भूमिका रही है ।
बैठक में नेपाल–भारत के एक दर्जन प्रतिनिधिमूलक सञ्चार संस्था के प्रमुख तथा प्रतिनिधियों की सहभागिता रही थी । एस.एस.बी.ने वार्षिक रुप में दोनों देशों के सीमावर्ती पत्रकारों के साथ संयुक्त बैठक मार्फत अपनी गतिविधिया“ सार्वजनिक करती आ रही है ।
इसी तरह नेपाली सीमा सुरक्षा के लिये तैनात रही सशस्त्र प्रहरी बल के स्थानीय अधिकारियों ने इस प्रकार की कोई भी सार्वजनिक गतिविधिया“ अभी तक नही किया है ।
बैठक में नेपाल की ओर से नेपाल पत्रकार और महासंघ के केन्द्रीय सदस्य तथा क्षेत्रीय संयोजक झलक गैरे, नेपाल पत्रकार महासंघ बा“के जिला के अध्यक्ष रुद्र प्रसाद सुवेदी, सलाहकार शुक्रऋर्षि चौलागाई ,नेपाल पत्रकार महासंघ के पूर्व केन्द्रीय सदस्य जनक नेपाल, प्रेस चौतारी नेपाल के केन्द्रीय उपाध्यक्ष सुरेन्द्र काफ्ले, प्रेस चौतारी नेपाल के पूर्व केन्द्रीय उपाध्यक्ष कृष्ण अधिकारी, नागरिक दैनिक पश्चिमेली के सम्पादक रुद्र खडका, जनमत अद्र्ध साप्ताहिक पत्रिका नेपालगन्ज के सम्वाददाता माधवराम वर्मा लगायत पत्रकारों की सहभागिता रही ।
इसी तरह चारत की ओर से रुपैडिहा पत्रकार संघ के अध्यक्ष शेर सिंह कसौंधन, शकील अहमद सिद्दीकी, राष्ट्रीय सहारा दैनिक के पत्रकार सिद्धनाथ गुप्ता,रईस अहमद शेष, लगायत लोगों की सहभागिता रही ।

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