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दशरथ रंगशाला को मिली अन्तर्राष्ट्रीय मान्यता

 

काठमांडू, सावन २५ – राष्ट्रीय खेलकूद परिषद् (राखेप)ने संरक्षण के बाद दशरथ रंगशाला में अन्तर्राष्ट्रीय फुटबॉल प्रतियोगिता का आयोजना के लिए एशियाली फुटबॉल महासंघ (एएफसी) ने अनुमति दे दी है ।
परिषद् ने अखिल नेपाल फुटबॉल संघ (एन्फा) से एएफसी की आधिकारिक जवाब मांग की थी । एन्फा के जवाब अनुसार एएफसी ने रिर्पोट दी है कि दशरथ रंगशाला अब अन्तर्राष्ट्रीय स्तर के फुटबॉल प्रतियोगिता आयोजन करने के लिए योग्य है । इससे पहले विभिन्न विषय में प्रश्न उठाते हुए एएफसी ने कुछ समय से दशरथ रंगशाला में अन्तर्राष्ट्रीय स्तर के फुटबॉल प्रतियोगिता आयोजन करने में अयोग्य करार दिया था ।
एएफसी ने रंगशाला को अन्तर्राष्ट्रीय प्रतियोगिता के लिए अयोग्य करार देने के बाद गत चैत्र महीना से परिषद् ने खेल मैदान के रेखदेख और संरक्षण का काम शुरु किया था । इसी बीच एएफसी के प्रतिनिधि ने इसी सावन ९ गते दशरथ रंगशाला का निरीक्षण तथा अवलोकन कर मापदण्ड पूरा होने का प्रतिवेदन भी दिया । ये जानकारी अखिल नेपाल फुटबॉल संघ ने दी है ।

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दशरथ रंगशाला के खेल मैदान अन्तर्राष्ट्रीय प्रतियोगिता के लिए योग्य होने की प्रतिवेदन के साथ ही इसी सावन २९ गते एएफसी चैलैंज लिग चयन के प्लेअप अन्तर्गत भूटान के पारो एफसी और नेपाल के चर्च ब्वाइज युनाइटेड के बीच खेल होगी ।
अन्तर्राष्ट्रीय प्रतियोगिता के लिए रंगशाला अयोग्य है । यह प्रतिवेदन एएफसी ने गत चैत्र में दिया था जिसके कारण ही विश्वकप फुटबॉल अन्तर्गत दूसरे चरण का खेल नेपाल में नहीं हो पाया ।
लम्बे समय से एएफसी द्वारा प्रश्न उठाए जाने के बाद परिषद् के सदस्य–सचिव टंकलाल घिसिङ ने २०८० के चैत्र से परिषद् स्वयं रंगशाला के खेलमैदान संरक्षण और मर्मत की जिम्मेदारी लेने का निर्णय किया था ।
रंगशाला ने एसफसी से पुनः मान्यता प्राप्त करने के बाद परिषद् के सदस्य–सचिव घिसिङ ने कहा है कि नेपाली दर्शक एक बार फिर से रंगशाला में अन्तर्राष्ट्रीय प्रतियोगिता देख सकते हैं । उन्होंने बताया कि खेलमैदान की रेखदेख और संरक्षण में राखेप ने बहुत ही मेहनत की है । साथ ही उन्होंने यह भी प्रतिबद्धता व्यक्त की है कि इसके संरक्षण में अब किसी तरह की कोई कमी नहीं होने देंगे ।

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