ऑपरेशन सिंदूर के दाैरान पाकिस्तान का वरिष्ठ कमांडर मस्जिद में नमाज पढ रहा था
काठमान्डू
न्यूज एजेंसी आईएएनएस ने भारतीय सेना के सूत्रों के हवाले से वायरलेस पर पाकिस्तान सेना के लीक रेडियो चैट में यह जानकारी सामने आई है. बताया गया कि पाकिस्तान की 75वीं इन्फैंट्री ब्रिगेड का एक वरिष्ठ कमांडर PoK के मुजफ्फराबाद के पास तैनात था. वो हमलों के चरम पर पहुंचने पर घबरा गया था. इसके बाद वो अपनी पोस्ट छोड़कर भाग गया. इंटरसेप्टेड कम्युनिकेशन से पता चला कि जूनियर अधिकारियों के उससे वायरलेस पर ऑपरेशंस फिर से शुरू करने का सवाल पूछा. इसपर कमांडर ने ठंडे लहजे में कहा, “ऑफिस बाद में खुलेगा, पहले अपनी जान बचाओ.”
रेडियो चैट में सुना गया कि कमांडर मस्जिद में शरण ले चुका था. एक जूनियर ऑफिसर ने कहा, “हमारे कमांडर साहब बड़ी मुश्किल से भागे. वे मस्जिद में नमाज़ पढ़ रहे हैं. उन्होंने अपने आदमियों को कहा कि स्थिति शांत होने पर ही लौटेंगे.” इस घटना ने पाकिस्तानी सेना के मनोबल की कमजोरी को उजागर कर दिया. ऑपरेशन सिंदूर के तहत भारतीय सेना ने 24 मिसाइलों से 25 मिनट में नौ आतंकी ठिकानों को निशाना बनाया, जिनमें लश्कर-ए-तैयबा और जैश-ए-मोहम्मद के ट्रेनिंग कैंप ध्वस्त हो गए. ऑपरेशन में 100 से अधिक आतंकी मारे गए.
ऑपरेशन सिंदूर 22 अप्रैल 2025 को पहलगाम में हुए आतंकी हमले का जवाब था, जिसमें पाकिस्तान समर्थित आतंकियों ने 26 पर्यटकों की हत्या कर दी थी. भारतीय सेना ने 24 मिसाइलों से 25 मिनट में नौ आतंकी ठिकानों को निशाना बनाया, जिनमें लश्कर-ए-तैयबा और जैश-ए-मोहम्मद के प्रशिक्षण शिविर शामिल थे. ऑपरेशन में 100 से अधिक आतंकी मारे गए, जिनमें यूसुफ अजहर और अब्दुल मलिक रऊफ जैसे बड़े नाम शामिल थे.

