नेपाल–भारत के पत्रकारों का संयुक्त गोष्ठी नानपारा में सम्पन्न
बहराइच, उत्तर प्रदेश। पडोसी मुल्क भारत के उत्तर प्रदेश जिला बहराईच अन्तर्गत नानपारा में नेपाल और भारत के पत्रकारों के वीच भाषिक पत्रकारिता के बारे में संयुक्त गोष्ठी सम्पन्न हुआ है ।
भारत में हिन्दी भाषा पत्रकारिता शुरु हुई २ सौ वर्ष पूरा होने के अवसर पर १९ अप्रेल आइतवार को उत्तर प्रदेश राज्य के जिला बहराईच नानपारा बाजार में सम्पन्न नेपाल और भारत पत्रकार गोष्ठी में भाषिक पत्रकारिता, सीमा समस्या, सञ्चार माध्यम की बदलती परिवेश और सामाजिक इच्छा के विषय पर अन्तर्राष्ट्रीय संवाद हुआ ।
नानपारा के विधायक रामनिवास वर्मा ने गोष्ठी की उद्घाटन करते हुये नेपाल और भारतवीच की ऐतिहासिक और साँस्कृतिक सम्बन्ध को जोड देते हुये दो देश वीच की ‘रोटीबेटी’ की सम्बन्ध शताब्दीयौं से चली आ रही है बताया । उन्हों अंग्रेज शासनकाल से आज तक समाज को सचेत कराना और सही दिशा देने के लिये पत्रकारिता ने महत्वपूर्ण भूमिका निभाई रही है । ब्लक प्रमुख प्रतिनिधि कृपाराम वर्मा (क्षेत्र बलहा) और विधायक प्रतिनिधि आलोक जिन्दल ने दो देश की सम्बन्ध जोड्ने में पत्रकारिता की भूमिका महत्वपूर्ण है बताया ।
वह कार्यक्रम में नेपाल भारत संयुक्त पत्रकार मञ्च नेपाल समूह के संयोजक वरिष्ठ पत्रकार पूर्णलाल चुके ने ये ऐसी गोष्ठी और सम्वाद से दो देश के पत्रकारों के बीच आपसी समझदारी, सहयोग और विश्वास को मजबुत बनाने के लिये बताया । उन्हों ने वह कार्यक्रम में सन् २००४ में नानपारा में आयोजन किया गया संयुक्त गोष्ठी से दो देश वीच की सम्बन्ध और सीमावर्ती समस्याएँ को उजागर करना और वह समाधान करने के लिये पहल करना लगायत की उद्देश्यद्वारा गठित मञ्च की विगत के कार्यक्रम को स्मरण करते हुये नई पुस्ता के पत्रकारों के लिये ऐसी कार्यक्रमें प्रेरणा की स्रोत रहेगी वह बातों पर जोड दिया ।
वह कार्यक्रम में भारतीय वरिष्ठ पत्रकार अशोक उपाध्याय, भागवत शुक्ला, अजय शर्मा, वरिष्ठ पत्रकार मनीराम शर्मा, ताहिर हुसेन, राजीव शर्मा, सन्तोष शुक्ला लगायत लोग भारत और नेपाल बीच की साँस्कृतिक सम्बन्ध को पत्रकारिता से मजबुत बनायी है दाबी किया ।
अइसे ही वह कार्यक्रम के निर्देशक विनोद द्विवेदी ने हिन्दी पत्रकारिता की इतिहास में प्रकाश डालते हुये पहली हिन्दी पत्रिका ‘उदन्त मार्तण्ड’ रही है वह कार्यक्रम में जानकारी दी । पण्डित जुगलकिशोर शुक्ला ने ३० मे १८२६ में कलकत्ता से पत्रिका प्रकाशित किया था । वह ऐतिहासिक शुरुवात के कारण हरेक वर्ष मे ३० तारीख में हिन्दी पत्रकारिता दिवस मनाते आ रही है और अब यह गौरवशाली परम्परा की २ सौ वर्ष पूरा हुई बताया ।
अनाडी टिभी के जिला संवाददाता विनोद द्विवेदीद्वारा सञ्चालित वह कार्यक्रम में भारत की ओर से वरिष्ठ पत्रकारों में अभिलाष श्रीवास्तव (सोनु), अशोक उपाध्याय, राजीव शर्मा, अजय शर्मा, परवेज रिजवी, सन्तोष शुक्ला, भागवत शुक्ला, ताहिर हुसेन, हनुमान प्रसाद गुप्ता, कुलदीप, विनोद कुमार द्विवेदी, शकील अन्सारी, विवेक श्रीवास्तव, विनोद पनौद, विष्णु कुमार द्विवेदी, विष्णु प्रसाद राई, राजीव शर्मा लगायत पत्रकारों की उपस्थिति रही थी । अभिलाष श्रीवास्तव, अभिनव गोयल, मनोज टेकरीवाल, नयन जायसवाल, अब्दुल कादीर, मनोज गुप्ता, जुनैद अहमद, दीपक श्रीवास्तव, रवेन्द्र शर्मा, राहुल पाण्डेय, अशोक पाठक, भुवन भास्कर वर्मा, रुद्र प्रताप मिश्र, शिवम पाण्डेय, शाहबुद्दीन श्रीवास्तव, अनानुन्द प्रसाद खान, पोखरेल जायसवाल, पुनीत श्रीवास्तव, राहुल उपाध्याय लगायत पत्रकारों की उल्लेख्य उपस्थित रही थी ।
इसी तरह नेपाल की ओर से नेपाल–भारत संयुक्त पत्रकार मञ्च के संयोजक तथा वरिष्ठ पत्रकार पूर्णलाल चुके, नेपाल पत्रकार महासंघ बाँके शाखा उपाध्यक्ष तथा कान्तिपुर टेलिभिजन संवाददाता रेजिना मल्ल, वरिष्ठ पत्रकार डा.डक्टप्रसाद धिताल (सम्पादक गुडन्युज साप्ताहिक), अन्नपूर्ण पोस्ट् दैनिक के उप–सम्पादक तथा मेरोखुसी डटकम के सम्पादक शंकरप्रसाद खनाल, नेपाल समाचार–पत्र दैनिकका संवाददाता तथा सुनपानी डटकम के सम्पादक कुमार श्रेष्ठ और जनमत अद्र्धसाप्ताहिक पत्रिका के संवाददाता श्वेता विष्ट की भी सहभागिता रही थी ।
नानपाराका बरिष्ठ पत्रकार अभिलाष श्रीवास्तव (सोनु) के सक्रियता में स्थानीय क्रियाशील पत्रकारों ने संयुक्त रुप में आयोजन किया कार्यक्रम से नेपाल और भारत की मित्रता, पत्रकार एकता, निष्पक्ष और जिम्मेवार पत्रकारिता की प्रतिबद्धता व्यक्त किया था । अइसे ही वह कार्यक्रम में जिला बहराईच अन्र्तगत सभी शहर के पत्रकार, विधायक, राजनीतिक दल के नेता गण और समाज के प्रतिष्ठित ब्यक्तित्वों की उल्लेख उपस्थिति रही थी ।




