नयाँ शक्ति के साथ कार्यगत एकता मधेशी मोर्चा द्वारा अस्वीकार : डा. भट्टराई निराश
काठमांडू, २५ दिसिम्बर |
कुछ दिनों से बाजार में चर्चा किया जा रहा है कि नयाँ शक्ति नेपाल और संघीय समाजवादी फोरम के बीच पार्टी एकता होनेवाला है और मधेशी मोर्चा, संघीय गठबन्धन तथा नयाँ शक्ति नेपाल के बीच कार्यगत एकता भी होने वाला है । ‘लेकिन यह सब सिर्फ हला ही है’, मधेशी मोर्चा निकट स्रोत बताता है । उक्त स्रोत बताते है– मधेशी मोर्चा और संघीय गठबन्धन के बैठक में संघीय समाजवादी फोरम के अध्यक्ष उपेन्द्र यादव ने बारबार नयाँ शक्ति के साथ कार्यगत एकता करने का प्रस्ताव रखे हैं, लेकिन मोर्चा के सभी घटक ने उसको अस्वीकार करते आए हैं । जिसके चलते तत्काल के लिए नयाँ शक्ति के संयोजक डा. भट्टराई निराश हो गए है ।
नयाँ शक्ति के संयोजक डा. भट्टराई और संघीय समाजवादी फोरम के अध्यक्ष उपेन्द्र यादव दो पार्टी के बीच पार्टी एकता करना चहते हैं । लेकिन यादव चहते है कि उससे पहले मधेशी मोर्चा, संघीय गठबन्धन और नयाँ शक्ति के बीच कार्यगत एकता बने । लेकिन उपेन्द्र यादव की यह चाह को मधेशी मोर्चा के प्रमुख नेताओं ने अस्वीकार किया है । मोर्चा निकट नेता लोग बताते हैं कि नयाँ शक्ति और मधेशी मोर्चा की मुद्दा और मांगों में कोई भी तालमेल नहीं है । इसीलिए नयाँ शक्ति के साथ मोर्चा का कार्यगत एकता सम्भव नहीं है ।
कार्यगत एकता के लिए मोर्चा सम्वद्ध नेता तैयार न होने के कारण, डा. बाबुराम भट्टराई चाहते है कि तत्काल के लिए ही सही, कमसे कम संघीय समाजवादी फोरम के साथ कार्यगत एकता किया जाए । कहा जाता है कि इसके लिए संघीय समाजवादी के अध्यक्ष यादव भी सकारात्मक है । समाचार स्रोत बताता है– इसी उद्देश्य के साथ आगे बढ़ने के लिए डा. भट्टराई और फोरम अध्यक्ष यादव के बीच आन्तरिक तैयार भी हो रही है । कुछ मधेशी विश्लेषको को मानना है– अगर ऐसा हुआ तो उपेन्द्र यादव और मधेशी मोर्चा के बीच दुरी बढ़ सकती है ।


