बजट में प्रतिपक्षी दलों की सहमति जुटाने के लिए राष्ट्रपति का आग्रह
काठमांडू । बाबूराम भट्टराइ की सरकार ने अध्यादेश द्वारा जो बजेट पेश किया था उसकी अन्तिम तिथि अब समाप्त होने जा रही है, इसी को मध्यनजर करते हुए राष्ट्रपति डा. रामवरण यादव ने आज अर्थविज्ञ और इससे जानकार विभिन्न महानुभावों के साथ विचार–विमर्श किया है । विचार–विमर्श के बाद राष्ट्रपति कार्यालय द्वारा जारी विज्ञप्ति में भावी बजेट के लिए प्रतिपक्षी दल के साथ सहमति जुटाने के लिए सरकार को आग्रह किया गया है ।
राष्ट्रपति कार्यालय शीतल निवास में हुए विचार–विमर्श कार्यक्रम में राष्ट्रिय योजना आयोग के पूर्वउपाध्यक्ष, सदस्य, पूर्वमुख्य सचिव एवम् पूर्वअर्थ सचिव सहित कइ लोग सहभागी थे । छलफल में सहभागियों ने वर्तमान सरकार को विपक्षी दल के साथ परामर्श करने के बाद ही बजेट लाने के लिए सुझाव दिया है । उस क्रम में राष्ट्रपति ने पूर्ण बजेट और आर्थिक विकास के लिए दलों के बीच हो रहे असहमति प्रति असन्तुष्टि व्यक्त किया था । भेट में सहभागियों ने सञ्चार माध्यमों को दिया गया प्रतिक्रिया मुताबिक राष्ट्रपति यादव ने कहा है– ‘यदि दलों के राजनीतिक सहमति नहीं हो पाया तो देश में आर्थिक अभाव सिर्जना हो जाएगा और देश ठप और संकट में फँस जाएगा ।’
स्ममरण रहे, दलों की बीच असहमति होने के कारण सरकार द्वारा गत श्रावण में अध्यादेश मार्फत सिर्फ तीन महिने के लिए बजेट प्रस्तुत किया गया था ।

