Thu. Jun 4th, 2026
English मे देखने के लिए क्लिक करें

सरकार ने घरेलू ग्राहकों के लिए बिजली दर घटाया, जानिए कितना है निर्धारित दर

 

३ असार, काठमाडौं ।

Guide to Different Types of Light Bulbs | Homebase

 

सरकार ने विद्युत दर घटाया है । ५ एम्पियर लाइन लेकर न्यनतम् मासिक १० युनिट तक खपत करने वाले निचले तह के ग्राहक को ३० रुपया मात्र डिमान्ड शुल्क लगाया गया है । उन्हें बिजली निःशुल्क दिया गया है ।

विद्युत नियमन आयोग ने इसी असार महिना के खपत में लागु होने वाला नयाँ महसुल निर्धारण किया है ।

विद्युत नियमन आयोग के अध्यक्ष डिल्लीबहादुर सिंह के अनुसार ५ एम्पियर के सिंगलफेज मिटर जोड्ने वाले ग्राहक ११ से २० युनिट तक खपत करने पर डिमान्ड शुल्क ३० रुपैया देना होगा । प्रतियुनिट शुल्क ३ रुपैयाँ कायम किया गया है ।

यह भी पढें   महानगर यातायात प्रा.लि. ने चक्रपथ मार्ग पर 16 नई इलेक्ट्रिक बसों का संचालन शुरू किया

२१ से ३० यूनिट खपत करने वालों को ५० ऊर्जा शुल्क और ६.५० रुपये प्रति यूनिट बिजली शुल्क देना होगा।

३१ से ५० यूनिट का उपभोग करने वाले ग्राहकों को ५० रुपये का शुल्क और ८ रुपये प्रति यूनिट के शुल्क का भुगतान करना होगा।

५१ से १०० यूनिट की खपत पर ७५ रुपये का शुल्क और ९.५ रुपये प्रति यूनिट का शुल्क देना पड़ेगा है।

इसी तरह, घरेलू उपभोक्ताओं को १०० रुपये का डिमांड शुल्क और प्रति यूनिट ९.५० रुपये का शुल्क देना पड़ेगा है अगर वे १०१ से १५० यूनिट का उपभोग करते हैं।

यह भी पढें   आज का पंचांग: आज दिनांक 31 मई 2026 रविवार शुभसंवत् 2083

१५१ से २५० यूनिट की खपत करने वाले ग्राहकों के लिए १२५ रुपये की डिमांड फीस और १० रुपये प्रति यूनिट की दर निर्धारित की गई है।

२५१ से ४०० यूनिट का उपभोग करते समय, आपको १५० रुपये का मांग शुल्क और ११ रुपये प्रति यूनिट का शुल्क देना होगा।

४०० यूनिट से अधिक बिजली की खपत करने वाले घरेलू ग्राहकों को १५० रुपये प्रति यूनिट चार्ज देना होगा जिसमें १५० रुपये मांग शुल्क शामिल है।

यह भी पढें   उपकार सेवा नेपाल द्वारा वृद्ध-वृद्धा, माता-पिता तथा बालबालिकाओं के लिए उपयोग की सामग्री वितरण

आयोग ने घरेलु ग्राहक के लिए १५ एम्पियर, ३० एम्पियर और ६० एम्पियर तक बिजली लाइन लेने पर भी खपत के आधार में अलग अलग दर निर्धारित किया है ।

नेपाल विद्युत प्राधिकरण के कार्यकारी निर्देशक कुलमान घिसिङ ने सरदर १० प्रतिशत विद्युत महशुलदर घटने की बात बताई है ।

 

About Author

आप हमें फ़ेसबुक, ट्विटर और यूट्यूब पर फ़ॉलो भी कर सकते हैं.

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *