नेपाल भारत सीमा पर सख्ती का असर पर्यटन पर पड़ने लगा,भारतीय पर्यटकों से भरी छह बसों को वापस कर दिया गया

नेपाल में दो विदेशी नागिरकों में ओमीक्रोन का संक्रमण पाए जाने के बाद नेपाल प्रशासन ने सीमा पर सख्ती बढ़ा दी है। बुधवार दोपहर बाद भारतीय पर्यटकों से भरी छह बसों को वापस कर दिया गया। इन पर्यटकों के पास आरटी पीसीआर जांच रिपोर्ट नहीं थी। इसका असर सीमावर्ती भारतीय बाजारों व नेपाल के पर्यटन उद्योग पर दिखने भी लगा है। करीब दो साल बाद सीमा खुलने के बाद फिर इस तरह की पाबंदी से लोगों में में भय और नाराजगी है।
भारत-नेपाल की सरकारों के बीच दो सप्ताह पहले ही समझौता हुआ था कि दोनों देशों के नागरिक कोविड टीके के दोनों डोज का प्रमाण दिखाकर आवाजाही कर सकेंगे। लेकिन इस बीच नेपाल प्रशासन ने अचानक भारतीय पर्यटकों से 72 घंटे की आरटीपीसीआर जांच रिपोर्ट मांगनी शुरू कर दी है। जिसके पास जांच रिपोर्ट नहीं है, उसे नेपाल में एंट्री नहीं दी जा रही है। सोनौली सीमा से होकर आने-जाने वालों की जांच हो रही है। यात्रियों का सैंपल लेने के साथ उनका मोबाइल नंबर लिया जा रहा है। टीकाकरण रिपोर्ट भी देखी जा रही है। दोनों देशों की स्वास्थ्य टीम सरहद पर बैठी है। गुरुवार दोपहर दो बजे तक 50 लोगों के सैंपल लिए गए थे। इसके साथ ही टीम ने सोनौली बस स्टेशन पहुंचकर दिल्ली, राजस्थान, गुजरात व बेंगलुरु जा रहे यात्रियों के सैंपल लिए।
इसका सीधा नुकसान नेपाल के पर्यटन उद्योग पर पड़ रहा है। नेपाल-भारत अवध मैत्री समाज के अध्यक्ष अजय कुमार गुप्ता ने बताया कि आरटी पीसीआर रिपोर्ट लागू से एक बार फिर संबंधों, व्यापार, रोजगार पर बुरा असर होगा। सीमा पर कोविड के दोनों डोज का प्रमाण देखकर एंट्री होनी चाहिए। सिर्फ लक्षण वालों की जांच करानी चाहिए। इस मांग को उचित फोरम पर रखा जाएगा।
सरहद पर पर्यटकों की संख्या कम हुई
बुधवार को आधा दर्जन भारतीय पर्यटकों से भरी बस को नेपाली सीमा से वापस लौटने के बाद गुरुवार को सोनौली सीमा से एक भी भारतीय बस नेपाल जाने के लिए नहीं पहुंची। इसके साथ ही पैदल जाने के लिए सोनौली पहुंचे दिल्ली, गुजरात और केरल के भारतीय पर्यटकों को आरटी पीसीआर रिपोर्ट नहीं होने के कारण नेपाल में एंट्री नहीं मिली। सोनौली चौकी प्रभारी स्वतंत्र कुमार सिंह ने बताया कि अन्य प्रदेशों से नेपाल जाने के लिए पहुंच रहे भारतीय पर्यटकों को सीमा पर परेशानी हो रही है। उधर, कोल्हुई बाजार से नेपाल के धकधई जाने के लिए गुरुवार को सोनौली पहुंची बारातियों से भरी 16 चार पहिया वाहनों को नेपाल में एंट्री मिल गई।

