Sat. May 2nd, 2026
English मे देखने के लिए क्लिक करें

बंगला देश ने मानी भारत सरकार की मांग, अब नहीं टूटेगा सत्यजीत रे का मकान

 

नई दिल्ली।

भारत के महान फिल्मकार सत्यजीत रे के दादा उपेंद्रकिशोर रे चौधरी का पुश्तैनी घर बांग्लादेश के मैमनसिंह जिले में है, जिसे तोड़ने के आदेश जारी किए गए थे। लेकिन, अब यह घर नहीं टूटेगा।

भारत और पश्चिम बंगाल की मुख्यमंत्री ममता बनर्जी के विरोध के बाद बांग्लादेश सरकार ने इस एतिहासिक इमारत को तोड़ने के अपने फैसले पर रोक लगा दी है। अब एक समिति बनाई गई है, जो यह तय करेगी कि कैसे इस धरोहर को बनाया जाए या फिर बचाया जाए।

यह भी पढें   आज का मौसम

भारत का विरोध
भारत के विदेश मंत्रालय ने बांग्लादेश सरकार के फैसले पर विरोध जताते हुए कहा था, “हमें बेहद अफसोस है कि महान फिल्मकार और साहित्यकार सत्यजीत रे के पूर्वजों का एतिहासिक घर जो उनके दादा उपेन्द्रकिशोर रे चौधरी से जुड़ा है, उसे तोड़ा जा रहा है।”

सरकार ने कहा था कि यह इमारत बंगाल के सांस्कृतिक पुनर्जागण का प्रतीक है और इसे साहित्यिक संग्रहालय में बदला जा सकता है। इसके साथ ही भारत ने इसके पुनर्निर्माण में मदद की पेशकश भी की है।

यह भी पढें   ट्रंप ने युद्ध रोकने के लिए ईरान द्वारा दिए गए नए प्रस्ताव को किया अस्वीकार

ममता बनर्जी की अपील
वहीं, पश्चिम बंगाल की मुख्यमंत्री ममता बनर्जी ने कहा था कि यह खबर बेहद पीड़ादायक है। उन्होंने अपील करते हुए कहा था कि इस धरोहर को बचाने के लिए सभी जागरू लोग और बांग्लादेश सरकार साथ आएं।

इस मामले पर बांग्लादेश सरकार का कहना है कि यह इमारत बहुत ही जर्जर स्थिति में है और इससे लोगों को खतरा हो सकता है। इसलिए इसे हटाकर वहां नई कंक्रीट की इमारत बनाकर सांस्कृतिक केंद्र बनाने की योजना थी।

About Author

आप हमें फ़ेसबुक, ट्विटर और यूट्यूब पर फ़ॉलो भी कर सकते हैं.

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *