सरकार द्वारा प्रस्तुत मीडिया संबंधी विधेयक लोकतन्त्र के लिए खतरा का संकेतः प्रवक्ता शर्मा
काठमांडू, २ फरवरी । प्रमुख प्रतिपक्षी दल नेपाली कांग्रेस के प्रवक्ता विश्वप्रकाश शर्मा का कहना है कि सरकार द्वारा प्रस्तुत मीडिया काउन्सिल संबंधी विधेयक लोकतन्त्र के लिए खतरा का संकेत है । काठमांडू में आयोजित ‘नेपाल में लोकतन्त्र, चुनौती और आगामी दिशा’ विषयक एक अन्तरक्रिया कार्यक्रम को संबोधन करते हुए नेता शर्मा ने ऐसी दावा की है ।
प्रवक्ता शर्मा को कहना है कि लोकतन्त्र सिर्फ विधि ही नहीं, संस्कृति भी है, इसी मान्यता के साथ आगे बढ़ना आवश्यक है । उन्होंने कहा– ‘मीडिया काउन्सिल विधेयक, सूचना प्रविधि विधेयक, गुठी विधेयक सरकार ने जिस तरह प्रस्तुत किया है, वह लोकतन्त्र के लिए खतरा का संकेत है । इसीतरह सरकार ने कहा था कि बुढिगण्डकी जलविद्युत आयोजना नेपाल सरकार ही निर्माण करेगी, जिसके लिए डिजेल और पेट्रोल में प्रतिलिटिर ५ रुपैयां अधिक मूल्य निर्धारण कया गया, अन्ततः उक्त आयोजना चिनियां कंपनी गेजुवा को दिया गया, इसतरह की अपारदर्शिता भी लोकतन्त्र के लिए खतरा है ।’
इसीतरह कार्यक्रम को सम्बोधन करते हुए अर्थविद् डा. स्वर्णीम वाग्ले ने कहा है कि अगर लोकतन्त्र को उन्नत बनाना है तो सांसद् को मन्त्री बनने से रोकना जरुरी है । उनका मानना है कि चुनावी खर्च के कारण ही भ्रष्टाचार संस्थागत हो गया है, ऐसी अवस्था में जब सांसद् मन्त्री बन जाते हैं, उसको भ्रष्टाचार बाध्यता बन जाती है । निर्वाचन प्रणाली ही परिवर्तन करने के लिए भी उन्होंने आग्रह किया ।

