मकर संक्रांति कैसे मनायें ? आचार्य राधाकान्त शास्त्री
ज्योतिषाचार्य आचार्य राधाकान्त शास्त्री 14 जनवरी 2025 ।
*तिलगुडलड्डुकवत् सम्बन्धेऽस्तु सुवृत्तत्त्वम्।। नमोऽसत विद्यावितताय चक्रिणे। समस्तधीस्थानकृते सदा नमः।। उद्यमेन हि सिद्धयन्ति कार्याणि न मनोरथैः।*
*तिलवत् स्निग्धं मनोऽस्तु वाण्यां गुडवन्माधुर्यम्।*
*तिल गुड लड्डु कवत् सम्बन्धेऽस्तु सु वृत्तत्त्वम्।।*
*मकर संक्रांति आज- 14 जनवरी 2025 मंगलवार को मनाया जाएगा।*
*संक्रांति मंगलवार को दोपहर 3:26 पर हो रहा है, जिसका का वैष्णव पुण्यकाल 20 घटी पूर्व यानि 8 घंटा पहले से ही वैष्णवों, ऋषियों, महात्माओं, के लिए कल प्रातः 7:26 बजे से ही स्नान दान का पुण्यकाल प्रारंभ हो जाएगा।*
*किंतु स्मार्तकों, गृहस्थों सहित सबके लिए इसका विशेष पुण्यकाल 16 घटी पूर्व के आधार से प्रातः 9 बजे से सबके लिए मान्य होगा।*
*????अतः सबके लिए इसका विशेष पुण्यकालः कल प्रातः 9 बजे से रात्रि 11:26 बजे तक रहेगा।
*कल 14 जनवरी मंगलवार को माघ कृष्ण प्रतिपदा पुनर्वसु नक्षत्र के अमृत योग में मनाई जाएगी मकर संक्रांति खिचड़ी!*
कल अपराह्न 3:26 में भगवान भास्कर धनु राशि से मकर राशि में प्रवेश करेंगे।
*जिस कारण इन दुर्लभ संयोग में स्नान दान के साथ मनाई जाएगी मकर संक्रांति* (खिचड़ी):-
*इसके पुण्यकाल में धार्मिक ग्रंथ, पंचांग, तिल, कंबल, चादर, ऊनि वस्त्र, स्वेटर, गर्मी उत्पन्न करने वाले विद्युत उपकरण, चावल, दाल, हरी शब्जी, अदरक, घी, उरद, गाय, सोना, चांदी, बिछावन, कुर्सी-टेबुल आदि विविध उपयोगी वस्तुओं का दान विशेष लाभकारी होता है।
इस दिन अतिथियों, ग्राम समाज के लोगों को भोजन कराना, विशेषकर गरीबों का मदद समस्त ग्रह दोषों, विविध शापों के मार्जनकारी एवं लाभदायक होगा।
इस संक्रांति का पुण्यकाल मंगलवार को होने से इसका महत्व और भी बढ़ जाएगा।
*मकर संक्रांति कैसे मनायें ?*
*इस दिन स्नान, दान, जप, तप का प्रभाव ज्यादा होता है । अतः सूर्य उत्तरायण के एक दिन पूर्व आज रात को भोजन थोड़ा कम ही लेना चाहिए ।*
*????मकर संक्रांति का स्नान:-
यह स्नान समस्त रोग, पाप और निर्धनता को हर लेता है ।
जो संक्रांति पर्व के दिन स्नान नहीं कर पाता वह 7 जन्म तक रोगी और दरिद्र रहता है ऐसा शास्त्रों में कहा गया है ।*
*????मकर संक्रांति के पुण्यकाल में स्नान करने से 10,000 गौदान करने का फल शास्त्र में लिखा है ।*
*????संक्रांति के दिन पंचगव्य का पान पापनाशक एवं विशेष पुण्यदायी माना गया है । त्वचा से लेकर अस्थि तक की बीमारियों की जड़ें पंचगव्य उखाड़ के फेंक देता है ।*
*????पंचगव्य आदि न बना सको तो कम-से-कम गाय का गोबर, गोझारण, थोड़े तिल, थोड़ी हल्दी और आँवले का चूर्ण इनका उबटन बनाकर उसे लगा के स्नान करो अथवा सप्तधान्य उबटन से स्नान करो (पिसे हुए गेहूँ, चावल, जौ, टिल, चना, मूँग और उड़द से बना मिश्रण) ।*
*????मकर संक्रांति या उत्तरायण दान-पुण्य का पर्व है । इस दिन किया गया दान-पुण्य, जप-तप अनंतगुना फल देता है ।*
*????ॐ ह्रां ह्रीं सः सूर्याय नम:। इस मंत्र से और आदित्य हृदय स्तोत्र से सूर्यनारायण की वंदना कर लेना, उनका चिंतन करके प्रणाम कर लेना । इससे सूर्यनारायण प्रसन्न होंगे, निरोगता देंगे और अनिष्ट से भी रक्षा करेंगे।*
*ॐ आदित्याय विदमहे भास्कराय धीमहि । तन्नो भानु: प्रचोदयात् ।*
*????इस सुर्यगायत्री के द्वारा सूर्यनारायण को अर्घ्य देना विशेष लाभकारी माना गया है।*
*????सूर्यगायत्री का जप करके ताँबे के लोटे से जल चढाते है और चढ़ा हुआ जल जिस धरती पर गिरा, वहा की मिटटी का तिलक लगाते हैं तथा लोटे में 6 घूँट बचाकर रखा हुआ जल महामृत्युंजय मंत्र का जप करके पीते हैं तो आरोग्य की खूब रक्षा होती है । आचमन लेने से पहले उच्चारण करना होता है।*
*अकालमृत्युहरणं सर्वव्याधिविनाशनम् ।*
*सूर्यपादोदकं तीर्थ जठरे धारयाम्यहम् ।।*
*????अकालमृत्यु को हरनेवाले सूर्यनारायण के चरणों का जल मैं अपने जठर में धारण करता हूँ । जठर भीतर के सभी रोगों को और सूर्य की कृपा बाहर के शत्रुओं, विघ्नों, अकाल-मृत्यु आदि को हरे ।*
*????इस दिन जो 6 प्रकार से तिलों का उपयोग करता है वह इस लोक और परलोक में वांछित फल को पाता है :*
*1] पानी में तिल और गंगाजल डाल के स्नान करना ।*
*2] तिलों का उबटन लगाना ।*
*3] तिल डालकर पितरों का तर्पण करना, जल देना ।*
*4] अग्नि में तिल डालकर यज्ञादि करना ।*
*5] तिलों का दान करना ।*
*6] तिल खाना ।*
*????तिलों की महिमा तो है लेकिन तिल की महिमा सुनकर तिल अति भी न खायें और रात्रि को तिल और तिलमिश्रित वस्तु खाना वर्जित है ।*
*????प्रार्थना, संकल्प करें कि ‘प्रभो ! जैसे सूर्यनारायण उत्तर की ओर गति करते हैं और सूर्यप्रकाश बढ़ता जाता है ऐसे ही हमसे पहले जो कुछ हो गया अंधकार, अज्ञान के प्रभाव में आ के वह आप माफ कर दो, अब हम प्रकाश की ओर चलेंगे, समझदारी से चलेंगे ।’*
*????इस पर्व पर सूर्यनारायण को वंदन- प्रणाम करें । इस तपस्या के दिन कोई रुपया- पैसा तो कोई आरोग्य माँगता है लेकिन हम अगर माँगें तो ऐसा माँगें कि माँगने की कोई वासना ही न रहे, हम भगवत्पद माँगें, भगवान को ही माँगें, भगवान की दृढ़ भक्ति मांगे तो सब कुछ हो गया ।*
* इस मकर संक्रांति का आप भी फायदा उठाओ।*
14 जनवरी मंगलवार को सूर्य उत्तराषाढ़ नक्षत्र एवं मकर राशि के संचरण के पुण्यकाल में स्नान, दान देवार्चन एवं राहु केतु शनि शांति हेतु विशेष लाभकारी होंगे।
इनके प्रभाव से समस्त आपदा एवं महामारीयों से निवारण के मार्ग प्रसस्त होगा। और महंगाई के कुछ कम होने के आसार होंगे। सरकार कुछ विशेष करों में कटौती लाकर जनता को महंगाई से कुछ रहत दे सकती है। और इस वर्ष सामान्य जनता के लिए खास पैकेज का भी लाभ मिलेगा। खास कर शनि सूर्य की युति बड़े राजनीतिक और सामाजिक बदलाव लाने का ज्योतिषीय संकेत भी दे रहा है। भूमि पुत्र मंगल वृष राशि में होकर पश्चिमोत्तर क्षेत्रों में भूकंपन के योग बना रहे हैं।
इस वर्ष बजट सत्र में बड़े कानून पास हो सकते हैं। रोगों का प्रभाव कुछ कम होगा। और संयमित लोगों को राहत मिलेगी।
इस वर्ष बजट सत्र के हंगामेदार और बेहद रोमांचक राजनीतिक गतिविधियों से परिपूर्ण होने के संकेत मकर संक्रांति की कुंडली दे रही है। मकर राशि में गोचर कर रहे तीन ग्रहों का मकर संक्रांति की कुंडली के लग्न पर बड़े प्रभाव बड़े सामाजिक और आर्थिक परिवर्तन लाने का ज्योतिषीय योग है। सरकार इनकम टैक्स एक्ट में बड़े बदलाव करते हुए कई कर छूटों को समाप्त कर अमीर करदाताओं को अधिक कर चुकाने और नए करदाताओं को टैक्स में शामिल कर सकती है। कृषि से संबंधित बजट में वृद्धि होगी तथा मकर राशि के प्रभाव के चलते जैविक कृषि को बढ़ाने पर जोर दिया जा सकता है। भारत की कुंडली में चंद्रमा-शनि के दशा के प्रभाव से विवाह संबंधी कानूनों में बड़े बदलाव कारगर होंगे। सामान नागरिक संहिता पर सरकार आगे कदम बढ़ाएगी जिसका कड़ा विरोध भी संभव है किंतु पुनः यह शांत हो सकता है।
प्रयत्न शील, योग्य एवं ईमानदार लोगों को विभिन्न योजनाओं का लाभ मिलेगा। आम जनता का पारिवारिक प्रेम बढ़ेगा एवं सामाजिक सुरक्षा के साथ आंतरिक सबलता में वृद्धि होगी।
*महादेव एवं माता विंध्यवासिनी के कृपा से सबके उत्तम आयु आरोग्यता नौकरी व्यवसाय में उन्नति सुख सौभाग्य सन्तति सन्तान सुख सम्पूर्ण प्रसन्नता एवं सर्व साफल्यता के लिए महादेव से हमारी नित्य प्रार्थना बनी रहे।*
*सबके सपरिवार के कुशलता के लिए हमारी हार्दिक शुभकामना…*
*आप सपरिवार की सभी मनोकामना पूर्णता और सर्व साफल्यता लिए महादेव से आराकाशा की विशेष प्रार्थना, और आपके सुखी जीवन की हार्दिक शुभकामना…*
*हरि ॐ गुरुदेव..!*
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*ज्योतिषाचार्य आचार्य राधाकान्त शास्त्री*
*????शुभम बिहार यज्ञ ज्योतिष आश्रम????*
*राजिस्टार कालोनी, पश्चिम करगहिया रोड, वार्ड:- 2, नजदीक कालीबाग OP थाना, बेतिया पश्चिम चम्पारण, बिहार, 845449,*
*सहायक शिक्षक:- राजकीयकृत युगल प्रसाद +2 उच्चतर माध्यमिक विद्यालय भैसही, चनपटिया,बेतिया बिहार*
*व्हाट्सअप एवं संपर्क:-*
*9934428775*
*9431093636*
*(अहर्निशं सेवा महे)*
*आवश्यक वार्तालाप का समय:- प्रातः 6 से 9 एवं सायं 4 बजे से रात्रि 10 बजे तक।*
*!!भवेत् सर्वेषां शुभ मंगलम्!!*

*आचार्य राधाकान्त शास्त्री*
*कार्यालय*
*शुभम बिहार यज्ञ ज्योतिष आश्रम*
*राजिस्टार कालोनी, पश्चिम करगहिया रोड, वार्ड:- 2, नजदीक कालीबाग OP थाना, बेतिया पश्चिम चम्पारण, बिहार, 845449,*
*सहायक शिक्षक:- राजकीयकृत युगल प्रसाद +2 उच्चतर माध्यमिक विद्यालय भैसही, चनपटिया,बेतिया बिहार*
*वार्तालाप:-*,
*व्हाट्सएप संपर्क एवं पे फोन:- 9431093636*
एवं
*व्हाट्सएप संपर्क एवं पेटिएम:- 9934428775*
*वार्तालाप का समय:-*
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अपने प्रश्न कभी भी भेज सकते है, समयानुसार उत्तर अवश्य मिलेगा।
*(अहर्निशं सेवा महे)*
*!!भवेत् सर्वेषां शुभ मंगलम्!!*

