म्यामांर में सुरक्षा बलों द्वारा प्रदर्शनकारियों पर गोली प्रहार में चार की मौत
म्यामांर में सैन्य तख्तापलट के बाद सुरक्षा बलों ने बड़ी संख्या में लोगों को गिरफ्तार किया है। साथ ही तख्तापलट के विरोध में हो रहे प्रदर्शनों को समाप्त कराने के लिए राजधानी में आंसू गैस के गोले भी दागे और पानी की बौछारें कीं। इस घटना में चार लोगों के मारे जाने की खबर है।
ऐसी खबरें हैं कि पुलिस ने म्यामांर के सबसे बड़े शहर यंगून में गोलियां चलाईं और प्रदर्शनकारियों को सड़कों से हटाने के लिए आंसू गैस के गोले दागे और पानी की बौछारें भी मारीं। प्रदर्शनकारी देश की नेता आंग सान सू ची की निर्वाचित सरकार को सत्ता सौंपने की मांग कर रहे हैं। सोशल मीडिया पर ऐसी तस्वीरें वायरल हो रहीं हैं, जिनमें गोलियों के खोखे दिखाई दे रहे हैं।
सोशल मीडिया पर सामने आई खबरों में एक युवक की पहचान हुई है और ऐसा माना जा रहा है कि यह युवा यंगून में मारा गया है। तस्वीरों में उसका शव दिखाई दे रहा है।
दक्षिणपूर्वी म्यामांर के छोटे से शहर दावेई में भी सुरक्षा बलों ने हिंसक कार्रवाई की। स्थानीय मीडिया की खबर के अनुसार, एक प्रदर्शन मार्च में तीन लोग मारे गए हैं। हालांकि मारे गए लोगों की संख्या की अभी पुष्टि नहीं हुई है।
रविवार को हिंसा उस वक्त भड़की जब मेडिकल के छात्र राजधानी की सड़कों पर मार्च निकाल रहे थे। घटना की तस्वीरों और वीडियो में प्रदर्शनकारी उस वक्त भागते दिख रहे हैं जब पुलिस ने उन पर सख्ती की।
यांगून में हताहतों के बारे में कोई जानकारी नहीं मिल सकी है। सड़कों पर गोली की आवाजें सुनी जा सकती थी और लोगों पर ‘स्मोक ग्रेनेड फेंके जाने की भी खबर है।
न्यूयार्क के संगठन ‘ह्यूमन राइट्स वॉच के लिए एशिया के उपनिदेशक फिल रॉबर्टसन ने कहा, ”म्यामांर के सुरक्षा बलों ने देशभर के कई कस्बों और शहरों में घातक बल का स्पष्ट रूप से इस्तेमाल किया है जो अस्वीकार्य है और इसे तुरंत रोका जाना चाहिए।”
उन्होंने कहा, ”दुनिया म्यामांर सैन्य जुंटा के कृत्यों को देख रही है, और उन्हें जवाबदेह ठहराएगी।

