birgunj breaking साहित्य हिमालिनी विशेष नेपाल प्रहरी एशिया का ही उत्कृष्ट….? (व्यग्ंय) : बिम्मी कालिंदी शर्मा 8 years ago बिम्मी कालिंदी शर्मा, वीरगंज, १८ सितम्बर |जो हरेक प्रहर सजग और चौकन्ना रहे वह प्रहरी
साहित्य हिमालिनी अपडेट लोगों के तंज से, हताश ना हो; वो जो कहें, वही सही हो ये जरूरी तो नहीं : सुरभि मिश्रा 8 years ago सुरभि मिश्रा हर कोशिश नाकाम हो, जरूरी तो नहीं; हर बार, हार हो जरूरी तो
व्यक्तित्व और कृतित्व साहित्य हिमालिनी अपडेट हैं जहाँ में रंजिशें पर प्यार भी ताे है, प्यार का व्यवहार कर के प्यार बाँटें हम : डा कृष्णजंग राणा 8 years ago प्यार ही बस प्यार कर के प्यार बाँटें हम प्यार हम साै बार कर के
इंडिया साहित्य पिता की अंगुलियाँ…… : अनिल कुमार मिश्र 8 years ago पिता की अंगुलियाँ *************** तड़पती हैं एक पिता की सभी अंगुलियाँ एक छोटा,नन्हा बालक कब
साहित्य हिमालिनी अपडेट पूर्वमन्त्री वाग्ले की दो पुस्तके लोकार्पण 8 years ago काठमांडू, १६ सितम्बर । पूर्वमन्त्री एवं नेपाली कांग्रेस के नेता चिरञ्जीवी वाग्ले की दो पुस्तकें
व्यक्तित्व और कृतित्व साहित्य हिमालिनी अपडेट इसी तरह धीरे-धीरे ख्वाहिशें ख़त्म होती हैं, इसी तरह धीरे-धीरे मरता है आदमी : अमरजीत कौंके 8 years ago धीेर-धीरे अमरजीत कौंके इसी तरह धीरे-धीरे ख्वाहिशें ख़त्म होती हैं इसी तरह धीरे-धीरे मरता है
nepalgunj साहित्य हिमालिनी अपडेट ए कैसी जहेर भरी आज की सियासत है, हमी लुटे है हमी पर है लूट का इल्जाम : गुल्जारे अदब की गजल गोष्ठी सम्पन्न 8 years ago नेपालगञ्ज ,(बाँके) पवन जायसवाल । बाँके जिला के गुल्जारे अदब नेपालगन्ज ने शनिवार को मासिक
पुस्तक समीक्षा व्यक्तित्व और कृतित्व साहित्य हिमालिनी अपडेट अन्तःप्रवाह की अपरिचित दुनिया : प्यार की परिणति सिर्फ पाना ही नहीं है । 8 years ago ऐसी ही एक कृति पढ़ने का अवसर मिला जब शालीन और आकर्षक व्यक्तित्व के मालिक
व्यक्तित्व और कृतित्व साहित्य फेसबुक मे भी अब हिन्दी, व्हाट्स एप मे भी अब हिन्दी, टियूटर में भी आ गई हिन्दी : श्रीगोपाल नारसन 8 years ago १४ सितम्बर बावन अक्षरों की है हिन्दी स्वर -व्यंजन की है हिन्दी जन्म की भाषा
साहित्य वो, और नहीं थी कोई; मेरी आशाएँ थीं; जो, हवा में विलीन हो रही थी : गंगेश मिश्र 8 years ago स्मृति – उस सुबह; °°°°°°°°°°°°°°°° एक, भयानक हुआ सबेरा; छाया, जब काला अँधेरा; मैं, समझा
व्यक्तित्व और कृतित्व साहित्य हिमालिनी अपडेट अंग्रेजी से हमे बैर नही पर प्रभुत्व उसका स्वीकार नही : श्रीगोपाल नारसन 8 years ago विश्व हिन्दी दिवस का पावन पर्व मुबारक हो उर्दू,मराठी,मलयालम बंगाली,तेलगु,कन्नड़ भी क्षेत्रीय भाषा साथ चले
breaking व्यक्तित्व और कृतित्व साहित्य हिमालिनी अपडेट हिमालिनी विशेष वैश्विक स्तर पर नई पहचान बनाती हिन्दी : डा श्वेता दीप्ति ( हिंदी दिवस पर विशेष आलेख ) 8 years ago ज्ञान की, सम्मान की, प्यार की, मनुहार की, भाषा है ये दिल की, हम सबके
व्यक्तित्व और कृतित्व साहित्य कलियुग के अवसान को याद करो भगवान को : श्रीगोपाल नारसन 8 years ago कलियुग के अवसान को याद करो भगवान को पाप धरा से घट जाये नफरत दिलो
साहित्य हिमालिनी अपडेट हिमालिनी पत्रिका कर या मर ! बिम्मी शर्मा 8 years ago हिमालिनी अंक अगस्त २०१८ |भारतीय स्वतन्त्रता आन्दोलन के दौरान करो या मरो का नारा दिया
व्यक्तित्व और कृतित्व साहित्य सम्पूर्ण सौन्दर्य का, पूंजीभूत तत्त्व, समाया है तेरे वजूद में :डॉ वन्दना गुप्ता 8 years ago माेरपंखी स्पर्श – डॉ वन्दना गुप्ता मुँह धोये सवेरे में, जब सूर्य की अनुपम किरणें,
मधेश व्यक्तित्व और कृतित्व साहित्य हिमालिनी अपडेट हम अब तो बस लहू का व्यापर करेंगे, अभी तो चुनावी मौसम का इंतज़ार करेंगे : सुजीतकुमार ठाकुर 8 years ago क्या बेशरम हैं हम ? कल्ह तक जिस बात से थे नाराज होगई सुलह,कोई शिकवा
breaking साहित्य चिरप्रतीक्षित-कथा कौमुदी, काव्य कलश, सीप के मोती, और हास्य के रँग, चारों साझा सँकलनों, का लोकार्पण 8 years ago अनुराधा प्रकाशन द्वाराप्रकाशित 4 साझासंकलनों का लोकार्पण, कवि एंव पत्रकार लाल बिहारी लाल भी साहित्य
birgunj साहित्य हिमालिनी अपडेट तक्मा बांट कर अवाम को तोहफे में चक्मा : बिम्मी कालिंदी शर्मा 8 years ago (व्यग्ंय ) बिम्मी कालिंदी शर्मा, वीरगंज | सरकार ने राष्ट्रपति के हाथों विभिन्न क्षेत्र के
व्यक्तित्व और कृतित्व साहित्य हिमालिनी अपडेट तल्ख उनके लफ्ज तरस ना खाने लगे, इसलिए खुद को पत्थर बनाते रहे हम : रश्मि 8 years ago रश्मि जमाने की नजर ना लगे इसलिए आंखों में काजल लगाते रहे हम आंसुओं को
janakpur siraha-lahan साहित्य मैथिली कविता संग्रह ” पहिल बारिस” का विमोचन 8 years ago काठमांडू, २३ भाद्र | कल्ह २२ गते भाद्र को राजधानी के नेपाल प्रज्ञा प्रतिष्ठान में
साहित्य अलगनी : अनिल कुमार मिश् 8 years ago अलगनी ******** सुनो! जरा देखना मैंने बाहर आँगन में भूमिका की लटकती अलगनी पर सामयिक
व्यक्तित्व और कृतित्व साहित्य बहुत बार देखे इन आँखों ने सपने और बहुत बार देखा टूटते हुए : अमरजीत काैंके 8 years ago 1 सपने नहीं मरते बहुत बार देखे इन आँखों ने सपने और बहुत बार देखा
इंडिया फोटो फिचर रंगतरंग साहित्य हिमालिनी अपडेट स्व. श्री अटल बिहारी वाजपेयी की स्मृति में “आजादी के तराने” 8 years ago नई दिल्ली । यहां हम सब साथ साथ एवं नव प्रभात जन सेवा संस्थान,
birgunj विविध साहित्य हिमालिनी अपडेट पप्पु और गप्पू (व्यग्ंय) : बिम्मीकालिंदी शर्मा 8 years ago जमाना पप्पु का है, चाराें तरफ पप्पु ही पप्पु छाया हुआ है । पप्पु इतना
व्यक्तित्व और कृतित्व साहित्य शिक्षक दिवस पर लो संकल्प शिक्षा अलख जगाने का__श्रीगोपाल नारसन 8 years ago शिक्षक दिवस पर लो संकल्प शिक्षा अलख जगाने का स्कूल कोई बन्द न हो लक्ष्य
व्यक्तित्व और कृतित्व साहित्य चाहत काे अपने दिल से हर बार क्याें यूँ दूर किया । 8 years ago सुरेखा शर्मा चाहत काे अपने दिल से हर बार क्यूँ यूँ दूर किया । चाहत
साहित्य हिमालिनी अपडेट अटल जी की कविताअाे का हाेगा नेपाली में अनुवाद 8 years ago काठमांडू। नेपाल सरकार भारत के पूर्व प्रधानमंत्री अटल बिहारी वाजपेयी की कविताओं का नेपाली भाषा
व्यक्तित्व और कृतित्व साहित्य इस सदी के निर्जन जगंल में निरन्तर जल कर दावानल बनी हुई एक “आग” : बिम्मी कालिन्दी शर्मा 8 years ago “आग” -बिम्मी कालिन्दी शर्मा मैं हुं एक “आग”, मत आना मेरे करीब तुझे भष्म
व्यक्तित्व और कृतित्व साहित्य सुख की सुखद अनुभूति है भैया जन जन के प्यारे कृष्ण कन्हैया। ___श्रीगोपाल नारसन 8 years ago माँ देवकी वासुदेव आएंगे कंस जेल मे फिर से भैया आधी रात को जन्म
व्यक्तित्व और कृतित्व साहित्य परमात्म मिलन हो जायेगा देहाभिमान को छोड़ दो। ___श्रीगोपाल नारसन 8 years ago जीवन सफल हो जायेगा व्यर्थ सोचना छोड़ दो गैर अपना बन जायेगा कडुवा बोलना छोड़
व्यक्तित्व और कृतित्व साहित्य ख़ुद प्यासी सी, इक साकी हूँ; मैं हुलाकी हूँ । 8 years ago गंगेश मिश्र मैं, हुलाकी हूँ; °°°°°°°°°°°° बेबस राग; बेताला, ताल में गाती; हक़ के लिए,
व्यक्तित्व और कृतित्व साहित्य ईश्वरीय वाणी सुना करो फिर उसको गुणा करो 8 years ago श्रीगोपाल नारसन ईश्वरीय वाणी सुना करो फिर उसको गुणा करो सच्ची राह मिल जायेगी दिनचर्या
साहित्य हिमालिनी अपडेट निहारिका रचित ‘योगमाया’ उपन्यास को मदन पुरस्कार प्राप्त 8 years ago काठमांडू, २८ अगस्त । इस साल (२०७४) का मदन पुरस्कार नीलम कार्की ‘निहारिका’ रचित ‘योगमाया’
व्यक्तित्व और कृतित्व साहित्य हिमालिनी अपडेट अपनों ने जब कभी भी, मुहब्बत से बात की; कोई न कोई अपनी, ज़रूरत की बात की । 8 years ago गंगेश कुमार मिश्र अपनों ने जब कभी भी, मुहब्बत से बात की; कोई न कोई
साहित्य हिमालिनी अपडेट हम अखंड : अजयकुमार झा 8 years ago ***हम अखंड*** एक हाथ ही भारत मेरा,दूसरा हाथ नेपाल है। एक है छूता गहरा सागर,दूजा
व्यक्तित्व और कृतित्व साहित्य हिमालिनी अपडेट कभी दिखती पहेली अनसुलझी, कभी लगती खुली किताब सी : गणेश लाठ 8 years ago २४ अगस्त बुरा न माने तू गर तो कहु एक बात है हलक में फांस
साहित्य हिमालिनी अपडेट हिमालिनी पत्रिका गजल – आरती आलोक वर्मा 8 years ago दास्ताँ प्रीत की अब सुना जाइये इक गजल प्यार से गुनगुना जाइये ।। चांद पलकें
साहित्य हिमालिनी अपडेट हिमालिनी पत्रिका जिन्दगी- सुरेखा शर्मा 8 years ago हिमालिनी, जुलाई अंक 2018 । जिन्दगी ने मेरी कई उफान देखें हैं जो तोड न
व्यक्तित्व और कृतित्व साहित्य प्यास : अमरजीत काैंके 8 years ago उसने छुआ तो सर्द शब्दों में फिर एक बार कँपकँपी छिड़ी लरज़ उठीं फिर जिस्म
व्यक्तित्व और कृतित्व साहित्य हिमालिनी अपडेट लगन अगर हो मन में सफल होते हर काज 8 years ago लगन अगर हो मन में सफल होते हर काज लगन के बल पर जो आगे
व्यक्तित्व और कृतित्व साहित्य लट उलझी सुलझाना तुम जब-जब भी मै लट बिखराउँ।।सविता वर्मा “ग़ज़ल” 8 years ago 19 अगस्त गीत सा मै गुनगुनाऊँ रीत बनकर प्रीत निभाऊं।। चन्दन वन में चन्दन बनकर
साहित्य जिह्वा-बिम्मी शर्मा 8 years ago जिह्वा यानी कि जीभ जो सांप की तरह हमेशा दुसरो को डँसने के लिए लपलपाती
साहित्य हिमालिनी अपडेट पंचतत्व मे मिल गए अटल बिहारी महान देश की जनता ने दिया उन्हें भरपूर सम्मान 8 years ago पंचतत्व मे मिल गए अटल बिहारी महान देश की जनता ने दिया उन्हें भरपूर सम्मान
biratnagar birgunj janakpur lumbani nepalgunj siraha-lahan धर्म संस्कृति साहित्य हिमालिनी अपडेट जलेश्वर में 521 वाँ तुलसी जयंती समारोह 8 years ago जलेश्वर, 17 अगस्त ।आज नेपाल के जलेश्वर में 521 मा तुलसी जयंती महोत्सव का आयोजन
इंडिया साहित्य हिमालिनी अपडेट भारतरत्न अटल बिहारी बाजपेयी का निधन से शोक में डूबा संपूर्ण देश 8 years ago {हिमालिनी के लिए मधुरेश प्रियदर्शी की रिपोर्ट} नई दिल्ली — ” हार नहीं मानुंगा रार
व्यक्तित्व और कृतित्व साहित्य हिमालिनी अपडेट दर्द तो है इस बात का दिल में कि, सांसे देकर धड़कन ने साथ छोड़ दिया । 8 years ago प्रिया मिश्रा कुछ खूबसूरत लम्हों ने साथ छोड़ दिया कि हसीं ख्वाबों ने साथ छोड़
नेपाल मधेश साहित्य हिमालिनी अपडेट हिमालिनी विशेष वीरगंंज मेंं नेपाल¬ भारत साहित्य महोत्सव शुरु 8 years ago वीरगंज, 12अगस्त । औद्योगिक नगरी वीरगंज मेंं नेपाल भारत साहित्य महोत्सव शुरु हो गया है
व्यक्तित्व और कृतित्व साहित्य हिमालिनी अपडेट मैं और यादें, यादें और सिर्फ यादें 8 years ago आषाढ़ का पहला दिन मधु प्रधान आज फिर काली घटा छाई है घने काले पहाड़
birgunj मधेश साहित्य हिमालिनी अपडेट नेपाल–भारत साहित्य महोत्सव की तैयारियां पूरी 8 years ago काठमांडू, ९ अगस्त । वीरगंज में ‘नेपाल भारत–साहित्य महोत्सव–२०१८’ होने जा रहा है । आयोजक
व्यक्तित्व और कृतित्व साहित्य हिमालिनी अपडेट अगर बचानी बेटियां, करें आज संकल्प । बेटी का जग में नहीं, कोई और विकल्प । 8 years ago बेटी है इक्कीस डा. रामनिवास ‘मानव’ बेटा–बेटी में नहीं, कहने को कुछ भेद । मरती
साहित्य हिमालिनी अपडेट हिमालिनी पत्रिका भावनाओं को व्यक्त करती आधुनिक छोटी कविताएँ – ललन चौधरी 8 years ago हिमालिनी,अंक जुलाई २०१८ | हिंदी में लंबी कविताओं की परंपरा में जिन कवियों ने मिसाल
साहित्य हिमालिनी अपडेट बेटियों की रूह तक को अपने नाखूनों से नोचे ज़ा रहे हो 8 years ago पूजा बहार वाह रे दुनियावालो क्यों हड़कम्प मचा रहे हो , अपनी
साहित्य हिमालिनी अपडेट नहीँ आरजू कोई दौलत-ए-जहाँ की… मुहब्बत की तेरी नज़र चाहती हूँ 8 years ago दुआओं का तेरे असर चाहती हूँ जीवन मॆं मैं कुछ अगर चाहती हूँ ॥ मिले
साहित्य वक़्त की आंच से जल रहा है जिगर नेह की बारिशों से बुझा जाइये ।।आरती आलोक वर्मा 8 years ago गजल आरती आलोक वर्मा दास्ताँ प्रीत की अब सुना जाइये इक गजल प्यार से गुनगुना
व्यक्तित्व और कृतित्व साहित्य हिमालिनी अपडेट मासिक वेतन पूरनमासी का चाँद है जाे एक दिन दिखता है अाैर घटते खतम हाे जाता है. प्रेमचंद 8 years ago १९३२ में हंस में प्रकाशित प्रेमचंद की अात्मकथा के कुछ अंश मेरा जीवन सपाट,
इंडिया व्यक्तित्व और कृतित्व साहित्य हिमालिनी अपडेट प्रेमचंद की जयंती: धनिया, होरी, घीसू …आज भी सब वहीं के वहीं खड़े हैं… 8 years ago अशोक मिश्र | महाराष्ट्र का एक बड़ा हिस्सा विदर्भ कहलाता है, जो कि आर्थिक और
बिचार साहित्य हिमालिनी अपडेट हिमालिनी विशेष औरत खुद में एक कविता होती है और उसमें शामिल हर शब्द हमारे कुकृत्यों पर आंसू बहाते हैं : ललन चौधरी 8 years ago ललन चौधरी | साहित्य अपने पलकों पर स्वप्न सजाए एक खूबसूरत दुनियां को देखती है,जहां
biratnagar साहित्य हिमालिनी पत्रिका तुम बने सागर : पूजा बहार 8 years ago एक नदी अनमनी सी, चंचल, कलकल, धवल थी वो पगली सरल,सजल सी ! पहाड़ों से
साहित्य हिमालिनी अपडेट हिमालिनी विशेष साहित्यकार लाठ रचित ‘छमिया’ का लोकार्पण 8 years ago काठमांडू, २८ जुलाई । उद्योगपति तथा साहित्यकार गणेश लाठ द्वारा रचित व्यंग्य कथा संग्रह ‘छमिया’
खेल साहित्य अक्षर अक्षर में शब्द शब्द में सांसें भरने आए : ललन चाैधरी 8 years ago ललन चाैधरी अक्षर अक्षर में शब्द शब्द में सांसें भरने आए गीतों में मुस्कान भरे
janakpur साहित्य हिमालिनी अपडेट हम पर कृपा बरसाना गुरूवर : संगीता ठाकुर 8 years ago हम पर कृपा बरसाना गुरूवर अगर न होते गुरूवर मेरे तो हम कहाँ चलपाते जग
साहित्य हिमालिनी अपडेट हिमालिनी पत्रिका इंतजार करना ही मिलन का उत्कर्ष है : डॉ. रमा 8 years ago हिमालिनी, अंक जुलाई, 2018 । ‘चाहतों के साये में’ से जब गुजर रही थी तो
व्यक्तित्व और कृतित्व साहित्य हिमालिनी अपडेट कारवाँ गुज़र गया, गुबार देखते रहे! विदा कविवर नीरज 8 years ago १९ जुलाई साहित्य जगत काे अाज एक अपूरणीय षाति झेलनी पड रही है । महान
साहित्य हिमालिनी अपडेट नाराज़ हैं मेहरबाँ मेरे : डॉ. रूपेश जैन ‘राहत’ 8 years ago नाराज़ हैं मेहरबाँ मेरे नाराज़ हैं मेहरबाँ मेरे अब आ भी जाओ कि अंजुमन को